Lakhimpur Kheri : पश्चिमी यूपी के जिलों में किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पुलिस सतर्क, स्थानीय खुफिया तंत्रों को भी किया सजग। मेरठ, मुजफ्फरनगर, बागपत, शामली और बुलंदशहर जैसे जिलों में विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश जारी। रात से ही संवेदनशील स्थानों पर पुलिस बल तैनात। मेरठ सिवाया टोल पर देर रात फूंके गए पुतले।
मेरठ. Lakhimpur Kheri : लखीमपुर खीरी में हुई हिंसा के बाद पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हाई अलर्ट घोषित कर दिया है। मेरठ जोन के दोनों मंडलों मेरठ और सहारनपुर के जिलों के पुलिस अधिकारियों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं। एडीजी राजीव सबरवाल खुद सभी कप्तानों से संपर्क बनाए हुए हैं। हिंसा के विरोध में आज किसानों ने शामली, मुजफ्फरनगर, मेरठ, बागपत, बुलंदशहर में प्रदर्शन का ऐलान किया है, जिसको लेकर विशेष सतर्कता बरती जा रही है। स्थानीय खुफिया तंत्र को भी सजग कर दिया गया है। संवेदनशील स्थानों पर पुलिस बल तैनात हैं। गांवों में शांति समितियों ने मोर्चा संभाल रखा है।
बता दें कि रविवार देर रात मेरठ के सिवाया टोल पर केंद्रीय गृह राज्य मंत्री और सरकार का पुतला किसानों ने फूंक दिया। इस दौरान वहां से निकल रहे केंद्रीय मंत्री संजीव बालियान के काफिले को भी किसानों ने रोका और लखीमपुरखीरी में हुई हिंसा के प्रति विरोध जताया है। हाई अलर्ट को देखते हुए जिले में भी पूरी एहतियात बरती जा रही है। जनपद की सीमा पर भी चेकिंग हो रही है। एसएसपी मेरठ प्रभाकर चौधरी ने बताया कि रात तक सब कुछ सामान्य था। सोमवार को कलक्ट्रेट पर किसान ज्ञापन देने के लिए पहुंचेंगे, जिसको देखते हुए कई थानों की फोर्स की ड्यूटी लगा दी गई है। सीओ भी मुस्तैदी से तैनात किए गए हैं।
उन्होंने बताया कि इसके साथ ही पुलिस लाइन में फोर्स को रिजर्व में भी रखा गया है। रात में भी रात्रि अफसर लगातार गश्त पर हैं। वहीं, सोशल मीडिया पर भी विशेष नजर रखी जा रही है। इस संबंध में साइबर की टीम को भी दिशा-निर्देश जारी कर दिए गए हैं। गलत पोस्ट करने वालों पर कार्रवाई की जाएगी। माहौल को खराब नहीं होने दिया जाएगा। थाना प्रभारियों को निर्देश दिए गए हैं कि हर छोटी से छोटी गतिविधि पर नजर रखी जाए। शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्र में सतर्कता बरती जा रही है।