
मेरठ। मेरठ में फिर से माहौल बिगाडऩे की कोशिश की गई है। सोमवार की शाम सरधना से मेरठ लौट रहे जमातियों पर शरारती तत्वों ने हमला कर दिया, जिसमें तीन जमातियों को चोटें आयी हैं। सूचना पर पुलिस फौरन मौके पर पहुंच गई और स्थिति संभाल ली, वरना बड़ी घटना हो सकती थी। हालांकि हमले के विरोध में जमातियों ने काफी देर तक यहां हंगामा किए रखा। देर रात तक सरधना थाने में इस मामले को लेकर जद्दोजहद चलती रही।
लिसाड़ी गेट क्षेत्र के अंजुम पैलेस के पास गली नंबर तीन से एक जमात तीन दिन के लिए सरधना क्षेत्र के ईकड़ी गांव गई थी। सोमवार को सभी लोग ईकड़ी से पाथौली गांव गए थे। शाम को मगरिब की नमाज के बाद भैंसा बुग्गी में बैठकर वापस ईकड़ी गांव लौट रहे थे। इसी बीच रास्ते में खेतों से निकले करीब दो दर्जन से ज्यादा शरारती तत्वों ने जमातियों पर हमला बोल दिया। सूचना पर ईकड़ी के ग्रामीण एकत्र हो गए। इस दौरान वहां से गुजर रहे एक लेखपाल से मारपीट करते हुए उसकी बाइक तोड़ दी। सीओ सरधना पंकज सिंह का कहना है कि पुलिस मामले की जांच कर रही है। घायल जमाती मोहम्मद सोनू, कासिम व हाजी चांद खान को सरधना सीएचसी में भर्ती कराया गया है। इससे पहले माहौल गर्माता देख पुलिस ने गांव को छावनी में तब्दील कर दिया। सीओ व एसओ रात तक लोगों को समझाते रहे। गणमान्य लोग भी माहौल को संभालने में जुटे रहे।
सीओ कोतवाली पंकज सिंह का कहना है कि जमातियों से मारपीट हुई है। जमातियों ने वहां से गुजर रहे एक लेखपाल से मारपीट कर उसकी बाइक तोड़ दी। जबकि जमातियों से मारपीट के मामले में लेखपाल को कोई लेनादेना नहीं था। लेखपाल को भी थाने में बुलाया गया है। पुलिस जांच पड़ताल कर रही है। देर रात तक किसी भी पक्ष ने थाने में कोई तहरीर नहीं दी।