Gangster Gulfam Murdered: गैंगस्टर गुलफाम की चाकू मारकर हत्या कर दी गई। मीट फैक्टरी में काम करने वाले उसके ही भाई ने उसकी हत्या कर दी। जानिए पूरा मामला क्या है?
Gangster Gulfam Murdered: गाजियाबाद के मसूरी क्षेत्र स्थित भूड़गढ़ी औद्योगिक क्षेत्र में सोमवार दोपहर उस समय सनसनी फैल गई, जब मेरठ के गैंगस्टर गुलफाम की चाकू से गोदकर हत्या कर दी गई। वारदात मीट फैक्टरी के सामने हुई, जहां गुलफाम अपने चचेरे भाई आरिफ से मिलने पहुंचा था। पुलिस के मुताबिक हत्या के पीछे शराब के नशे में हुआ विवाद और पुरानी रंजिश दोनों वजहें सामने आ रही हैं।
कार्यवाहक एसीपी भास्कर वर्मा के मुताबिक, दोपहर करीब 3 बजे गुलफाम और उसका चचेरा भाई आरिफ मीट फैक्टरी के सामने नाले के पास बैठकर शराब पी रहे थे। इसी दौरान दोनों के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई। आरोप है कि नशे की हालत में आरिफ ने गुलफाम की सब्जी की ठेली से चाकू उठाया और उसके सीने पर दो बार वार किया। हमला इतना घातक था कि गुलफाम लहूलुहान होकर वहीं गिर पड़ा। वारदात के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। आरिफ मीट फैक्टरी में ही काम करता है।
घटना की सूचना पर पहुंची मसूरी पुलिस ने घायल गुलफाम को जिला अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। दिनदहाड़े हत्या की इस वारदात से इलाके में हड़कंप मच गया।
पुलिस के मुताबिक गुलफाम मूल रूप से मेरठ के किठौर थाना क्षेत्र के शाहजहांपुर स्थित कुरेशियान मोहल्ले का रहने वाला था। वह करीब ढाई महीने पहले शाहजहांपुर से भागकर मसूरी आया था और यहां रेलवे स्टेशन रोड पर किराए के मकान में पत्नी और बच्चों के साथ रह रहा था। बताया जा रहा है कि वह यहां सब्जी बेचकर गुजर-बसर कर रहा था और पुलिस से बचने के लिए गुमनामी में रह रहा था।
थाना किठौर पुलिस के अनुसार गुलफाम के खिलाफ वर्ष 2021 में गोहत्या का मुकदमा दर्ज हुआ था। इसी मामले में 2023 में उस पर गैंगस्टर एक्ट भी लगाया गया था। उसके आपराधिक रिकॉर्ड के चलते पुलिस पहले से उस पर नजर रखे हुए थी।
पुलिस ने वारदात के बाद दबिश देकर आरोपी आरिफ को हिरासत में ले लिया है। बताया जा रहा है कि आरोपी का घर भी किठौर के शाहजहांपुर के उसी मोहल्ले में है, जहां गुलफाम का परिवार रहता है। आरिफ के खिलाफ भी पहले मारपीट का मुकदमा दर्ज होने की जानकारी सामने आई है।
इस हत्याकांड की सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि गुलफाम और आरिफ के बीच सिर्फ चचेरे भाई का रिश्ता नहीं था, बल्कि दोनों साढ़ू और मौसेरे भाई भी बताए जा रहे हैं। इस करीबी रिश्ते के बावजूद दोनों के बीच पुराना विवाद चला आ रहा था।
परिजनों के मुताबिक करीब दो-तीन महीने पहले आरिफ अपनी पत्नी के साथ मारपीट कर रहा था। उस दौरान गुलफाम ने हस्तक्षेप कर उसकी पत्नी को बचाया था। इसी बात को लेकर दोनों के बीच कहासुनी हुई थी और तभी से आरिफ रंजिश मानने लगा था। पुलिस अब इस एंगल से भी जांच कर रही है कि हत्या सिर्फ नशे में हुए विवाद का नतीजा थी या पुरानी दुश्मनी पहले से वजह बनी हुई थी।
परिजनों के मुताबिक गुलफाम डासना में आरिफ की मीट फैक्टरी के बाहर सब्जी का ठेला लगाता था। यही वजह थी कि दोनों की मुलाकातें होती रहती थीं। लेकिन सोमवार को यही जगह खूनी वारदात की गवाह बन गई।
गुलफाम की हत्या की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। परिजनों के मुताबिक उसके दो बेटे और एक बेटी हैं। पिता को शाम को हत्या की सूचना मिली, जिसके बाद परिवार में मातम छा गया। पुलिस फिलहाल हत्या के पीछे शराब के नशे में विवाद, पुरानी रंजिश और आपसी रिश्तों में तनाव समेत सभी पहलुओं की जांच कर रही है। आरोपी से पूछताछ जारी है और आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।