
मेरठ। जनपद के बदमाशों में खाकी का खौफ खत्म हो चुका है। पुलिस की अपराधियों से मुठभेड़ और अपराधियों के पुलिस की गोली लगने से घायल होने के बाद भी अपराधियों के हौसले बुलंद है। अभेद सुरक्षा व्यवस्था के बीच कचहरी में पुलिस कस्टडी से एक आरोपी के फरार होने का मामला शांत नहीं हुआ कि सरधना में भी जानलेवा हमले का आरोपी थाने में ही सिपाही को धक्का देकर भाग निकला। उस दौरान थाने में पूरा अमला था और जीप भी थी, लेकिन आरोपी के भागने के बाद भी पुलिस ने उसे पकडने की कोशिश नहीं की।
थाने में मच गर्इ अफरातफरी
रंगदारी और जानलेवा हमले का आरोपी सरधना थाने में सिपाही को धक्का देकर फरार हो गया। इससे थाने में अफरातफरी मच गई। थाना पुलिस ने मामले को काफी देर छिपाए रखा, घटना के फैलते ही थाना पुलिस के हाथ पाव फूल गए और वह हरकत में आई। आरोपी का कोई सुराग नहीं लग सका। दिलशाद मुल्हैड़ा गांव का रहने
वाला है। उस पर गांव के ही नफीस, साजिद ने चाकू से हमला कर दिया था। जिसमें वह गंभीर रूप से घायल हो गया था। आरोप है कि दोनों हमलावर गोकशी का काम करते हैं और दिलशाद ने इसका विरोध किया तो उस पर हमला कर दिया। पीड़ित ने दोनों हमलावरों के खिलाफ सरधना थाने में रिपोर्ट लिखवाई थी। पुलिस ने नफीस को गिरफ्तार कर लिया था।
दीवार फांदकर भाग गया
थाने में पुलिस हिरासत में बैठे नफीस ने बाथरूम जाने की बात कही तो एक सिपाही उसे लेकर थाना परिसर में बने बाथरूम में लेकर जाने लगा तभी वह सिपाही को धक्का देकर थाने की दीवार कूदकर भाग गया। आरोपी के पुलिस हिरासत से भागने की जानकारी मिलते ही हड़कंप मच गया। पुलिस ने आरोपी की तलाश में कई जगह दबिश दी लेकिन उसका कहीं पता नहीं चला। आरोपी थाने से भागने की बात जब एसओ धर्मेद्र सिंह से की तो उनका कहना था कि यह सिपाही की लापरवाही है। आरोपी की तलाश की जा रही है। मैं उस समय थाने में मौजूद नहीं था।