
मेरठ। हाईस्कूल में फेल तो हो गए लेकिन करोडपति बनने का सपना देखते रहे। इसके लिए शार्टकट रास्ता अपनाया और दिल्ली में खोल ली एक कंपनी। इस कंपनी में लड़कियों को सेलरी पर रखा गया और उनसे क्रेडिट कार्ड धारकों को फोन करवाया जाता था। जिसमें उनको बताया जाता था कि उनका गिफ्ट निकला है या फिर फला रकम जमा करने के बाद उनकेा एसी, कार या अन्य आइटम दे दिया जाएगा। चूंकि लड़कियों द्वारा क्रेडिट कार्ड का नंबर बिल्कुल सटीक बताया जाता था। इसलिए लोग विश्वास भी कर लेते थे। लेकिन रकम जमा करने के बाद कुछ नहीं मिलता था तब उन्हें ये पता चलता था कि वे ठगी का शिकार हो चुके हैं। पुलिस ने एक ऐसे ही गिरोह का खुलासा किया है। यह गिरोह दिल्ली से आपरेट होता था। इसका हेड आफिस दिल्ली में था।
पत्रकारों को जानकारी देते हुए एसपी देहात अविनाश पांडे ने बताया कि इस मामले में पांच लोगों को पकड़ा गया है। ये लोग के्रडिट कार्ड पर आफर बताकर ठगी करने वाले गैंग के लोग हैं। इनके पास से 21 मोबाइल फोन, एक लैपटाप और 125 सिम बरामद हुए है। इसके अलावा 10 कॉलिंग रजिस्टर और 450 लोगों के खाते का विवरण मिला है। उन्होंने बताया कि ये लोग दिल्ली में पेन इंडिया के नाम से एक कंपनी बना रखी थी। बैंक में नौकरी करने वाले दोस्त से ये क्रेडिट कार्ड की जानकारी लेते थे। इसके बाद अपने आफिस में काम करने वाली लड़कियों से फोन कराकर लोगों को उनके क्रेडिट कार्ड की जानकारी ओटीपी नंबर आदि लेते थे। ये लोग अब तक सैकड़ों लोगों से करोड़ों की ठगी कर चुके हैं। एसपी देहात ने बताया कि इस गैंग के तीन लोग अभी फरार हैं उनकी तलाश में दबिश दी जा रही है।