
पत्रिका न्यूज नेटवर्क
मेरठ। मेरठ जोन में 6 दिसंबर के मद्देनजर पूरी तरह से अलर्ट घोषित किया गया। जोन के सभी संवेदनशील स्थानों पर पुलिस बल तैनात किया गया है। जोन के प्रमुख जिले मेरठ, मुजफ्फरनगर,बुलंदशहर,गाजियाबाद, नोएडा, बागपत, हापुड आदि में संवेदनशील स्थानों पर पैनी नजर रखी जा रही है। मेरठ जोन में छह दिसंबर को लेकर कड़ा पहरा बढ़ा दिया गया है। निगरानी व सुरक्षा को लेकर मुहैया कराई गई अतिरिक्त फोर्स रिजर्व में रखी गई है। इसी के साथ ही पुलिस सोशल मीडिया की भी निगरानी कर रही है। जिसकी जिम्मेदारी साइबर सेल को दी गई है। दरअसल, छह दिसंबर 1992 को ही अयोध्या में विवादित ढ़ाचा ढहाया गया था। 28 साल बाद भी कोई अनहोनी न हो इसके लिए पुलिस अलर्ट है। प्रमुख चौराहों और रोडवेज स्टैंड पर बम निरोधक दस्ता और डॉगस्क्वायड ने भी चेकिंग की।
साइबर सेल व पुलिस मीडिया सेल को सक्रिय कर अफवाहों व गलत सूचनाओं का त्वरित खंडन करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। ऐसे लोगों की पहचान भी सेल करेगा, जो आपत्तिजनक पोस्ट कर समाज में विद्वेष फैलाने की साजिश रच रहे हैं। ऐसे लोगों की गिरफ्तारी के लिए अतिरिक्त टीमें लगाई गयी हैं। बम निरोधक दस्ता से होटल, सराय, धर्मशाला, रोडवेज व अन्य महत्वपूर्ण स्थानों की नियमित चेकिंग कराई जा रही है। मेरठ में रूफटॉप ड्यूटी भी लगाई गई हैं। प्रमुख धार्मिक स्थलों व प्रतिष्ठानों पर पुलिस तैनात कर दी गयी है। आईजी रेंज प्रवीण कुमार ने मेरठ सहित पड़ोसी जिलों की पुलिस को भी सतर्क रहने व समन्वय बनाकर निगरानी करने का निर्देश दिया है।
सौहार्द का नुकसान नहीं करेंगे बर्दाश्त
आईजी प्रवीण कुमार ने कहा कि छह दिसंबर को लेकर दोनों वर्गों के लोगों ने कोई आयोजन न करने का संकेत देकर सामाजिक समरसता को बढ़ावा दिया है। मेरठ की गंगा-जमुनी तहजीब का इससे बड़ा उदाहरण कुछ और नहीं हो सकता है। जोन के इस सौहार्द को कोई नुकसान पहुंचाए इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पुलिस की तैयारी पुख्ता है। आज सुबह से ही आईजी और पुलिस अधिकारी सड़कों पर उतर गए और फुट मार्च किया।