
मेरठ। वर्ष 2020 (Year 2020) शुरू होते ही लोगों की जेब पर दोहरी मार पड़ी है। रेलवे (Railway) के बाद अब रोडवेज (Roadways) ने बस के किराए (Bus Fares) में बढ़ोतरी की है। अब बस में सफर करना महंगा हो गया है। मेरठ परिक्षेत्र के अंतर्गत आने वाले भैंसाली और सोहराब गेट से जाने वाली बसों में सफर करने वालों से बढ़ा हुआ किराया लिया गया। इलेक्ट्रॉनिक टिकट मशीनें भी अपडेट भी की गई हैं।
रोडवेज ने नए साल से बसो के किराए में बढ़ोतरी की है। अब मेरठ से आनंद विहार और कश्मीरी गेट बस अड्डे तक के किराए में क्रमश: 5 और 10 रुपये की बढ़ोतरी की गई है। अब आनंद विहार तक का किराया 68 और कश्मीरी गेट तक का किराया 98 रुपये हो गया है। मेरठ से लखनऊ का किराया 48 रुपये बढ़कर हुआ 562, मेरठ से ऋषिकेश तक का किराया 308, कोटद्वार तक का 261 रुपये, मेरठ से बरेली तक 22 रुपये बढ़कर किराया 279, मेरठ से मुजफ्फरनगर का किराया छह रुपये बढ़कर 74 रुपये, मेरठ से आगरा 22 रुपये बढ़कर 273 रुपये हो गया है। इसी तरह मेरठ से मुरादाबाद 14 रुपये बढ़कर 158 रुपये, मेरठ से आगरा एसी का किराया 43 रुपये बढ़कर 534 रुपये हो गया है। इससे अलग मेरठ से बुलंदशहर आठ रुपये बढ़कर 84 रुपये, सहारनपुर तक 14 रुपये बढ़कर 171 रुपये, मेरठ से गाजियाबाद चार रुपये बढ़कर 55 रुपये, मेरठ से हल्द्वानी 20 रुपये बढ़कर 289 रुपये हो गया है।
रोडवेज बसों के किराए में बढ़ोतरी का असर एमएसटी पर भी पड़ा है। अब यात्रियों को 100 किलोमीटर तक एमएसटी बनवाने में 300 रुपये अधिक खर्च करने पड़ेंगे। रोडवेज से कई हजार दैनिक यात्री रोजाना दिल्ली, मुजफ्फरनगर, गाजियाबाद, मुरादाबाद, बागपत जिलों के लिए सफर करते हैं। एमएसटी पर चार्ज बढऩे से इनकी भी जेब पर असर पड़ेगा।