मेरठ

#Pulwama बिलखते हुए बोलीं शहीद अजय की मां, एक दिन भारत पाकिस्तान को जरूर सिखाएगा सबक

—शहीद अजय कुमार की अंतिम यात्रा में उमड़ा जनसैलाब —पुलवामा हमले के मास्टरमाइंड का खात्मा करने वाली टीम में शामिल थे मेरठ के अजय कुमार

2 min read
Feb 19, 2019
MAA
#Pulwama बिलखते हुए बोलीं शहीद अजय की मां, एक दिन भारत पाकिस्तान को जरुर सिखाएगा सबक

मेरठ. पुलवामा आतंकी हमले के बाद सेना की तरफ से आतंकवादियों के खिलाफ शुरू किए मिशन आॅल आउट में मेजर समेत 5 जवान शहीद हुए थे। पुलवामा हमले के मास्टरमाइंड का खात्मा करने वाली टीम में शामिल मेरठ के अजय कुमार आतंकियों का खात्मा करते हुए शहीद हुए। इस जाबांज ने साथियों की मौत का बदला तो लिया, लेकिन देश की आन, बान और शान के लिए खुद को कुर्बान कर दिया। तिरंगे में लिपटा उनका पार्थिक शरीर घर पहुंचा तो जनसैलाब उमड़ा। अंतिम यात्रा निकालने के बाद में उन्हें पूरा राजकीय सम्मान के साथ नम आंखों से अंतिम यात्रा निकाली गई। यात्रा में सेना, पुलिस व प्रशासन के आला अधिकारी, प्रदेश सरकार के मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह, सांसद व अन्य नेता मौजूद रहे।

शहीद अजय कुमार का मंगलवार सुबह 9.30 बजे पतला स्थित आईटीआई कॉलेज के मैदान में राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया जाएगा। अंतिम यात्रा में लगभग चार किलोमीटर लंबा काफिला रहा। बता दें कि पुलवामा एनकाउंटर में शहीद हुए 26 वर्षीय अजय कुमार सात अप्रैल 2011 को 20 ग्रेनेडियर में भर्ती हुए थे। जम्मू-कश्मीर में उनकी पोस्टिंग कुछ माह पूर्व ही हुई थी। उसके बाद में अजय कुमार को 55 राष्ट्रीय राइफल्स में तैनाती मिली थी। अजय के परिजनों का कहना है कि उन्हें सैन्य अधिकारियों ने फोन कर सोमवार सुबह शहादत की सूचना दी थी। अजय हाल ही में एक महीने की छुट्टी पर घर आए थे। 30 जनवरी को ही ड्यूटी पर गए थे। अजय का एक बेटा आरव है जो कि ढाई साल का है। वहीं उनके पिता वीरपाल भी सेना से सेवानिवृत्त हैं।

अजय की शहादत के बाद से ही घर में कोहराम मचा हुआ है। पत्नी डिंपल व अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। उनके शव को पहुंचने के बाद ही आस-पास के गांवों की भीड़ भी शहादत में शामिल हुए। घर और गांव में अजय की बहादुरी के चर्चे हो रहे हैं। अजय के पिता वीरपाल का कहना है कि उन्हें अपने बेटे की बहादुरी पर गर्व है। उन्होंने कहा कि उन्हें इस बात पर भी गर्व है कि उनके बेटा अपने शहीद जवानों की शहादत का बदला लेकर शहीद हुआ है। वहीं ग्रामीणों मेंं पाकिस्तान के खिलाफ भी गुस्सा है।

आपको बता दें कि अजय कुमार मेरठ के जानी ब्लाॅक के गांव टीकरी के रहने वाले है। पत्नी बार-बार बेहोश हो जाती तो मां सदमे में हैं। अजय के परिजनों को अंदाजा नहीं था कि उनके बेटे की शहादत की खबर उन्हें इस तरह मिलेगी। अजय कुमार इकलौता बेटा था। इकलौते बेटे को खोने का दर्द उनकी मां की आंखों में साफ दिखाई दे रहा है। अजय की मां का कहना है कि बेटे की शहादत पर गर्व है। उन्होंने कहा कि मुझे सरकार पर भरोसा है, एक दिन भारत पाकिस्तान को सबक जरुर सिखाएगा।

Published on:
19 Feb 2019 12:36 pm