मेरठ

Weather Update: मौसम ने ली करवट, तेज आंधी के साथ पश्चिम UP के कई जिलों में झमाझम बारिश, ओले गिरने से बागवनी में बड़ा नुकसान

पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मंगलवार शाम को मौसम का मिजाज बदल गया। मौसम बदलने से पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में तेज आंधी के साथ झमाझम बारिश हुई और ओले गिरे।

2 min read
May 05, 2026
फाइल फोटो- पत्रिका

West UP Weather: उत्तर प्रदेश में मौसम परिवर्तन का दौर जारी है। मंगलवार शाम को अचानक मौसम का मिजाज बदल गया। मौसम बदलने से पश्चिमी यूपी के कई जिलों में तेज आंधी के साथ झमाझम बारिश हुई है। आंधी-बारिश से लोगों को गर्मी से राहत मिली है। वहीं, दूसरी तरफ कई जगह बिजली के पोल उखड़ गए, जिसके कारण बिजली आपूर्ति बाधित हुई है।

ये भी पढ़ें

ब्रजेश पाठक का विपक्ष को तीखा जवाब, कहा- तुष्टीकरण की राजनीति नहीं चलेगी, EC पर सवाल उठाना उनकी पुरानी आदत

पश्चिमी यूपी में झमाझम बारिश

पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मंगलवार शाम को मौसम बदल गया। मौसम बदलने से मेरठ, सहारनपुर, शामली, बिजनौर और बागपत सहित पश्चिम उत्तर प्रदेश के कई जिलों में तेज आंधी के साथ झमाझम बारिश हुई। कई इलाकों में बारिश के साथ ओले भी गिरे। तेज आंधी, ओलावृष्टि और झमाझम बारिश ने लोगों को गर्मी से राहत दिलाई।

आंधी-बारिश से बिजली गुल, सड़कों पर भरा पानी

तेज आंधी के साथ हुई बारिश की वजह से कई जगहों पर बिजली के तार और पोल टूट गए। जिसकी वजह से बिजली आपूर्ति बाधित हुई है। इसके साथ ही बारिश का पानी सड़कों पर भर गया। ऐसे में लोगों को काफी दिक्कत का सामना करना पड़ा।

अगले 24 घंटे कैसा रहेगा मौसम?

मौसम विभाग के अनुसार, मेरठ सहित पश्चिमी यूपी के कई जिलों में अगले 24 से 48 घंटों तक सुहाना मौसम रहेगा। इस दौरान सुबह और शाम के समय हल्की हवाएं चलेंगी। हालांकि, दोपहर में धूप निकलने से हल्की गर्मी का महसूस होगी। बारिश के बाद वायु गुणवत्ता में सुधार हुआ है। बता दें कि आज मेरठ में अधिकतम तापमान 30.0 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 18.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है।

आंधी-बारिश और ओलावृष्टि से फसलों को नुकसान

अचानक बदले मौसम का फसलों पर असर हुआ है। बागवानी फसलों, विशेष रूप से आम और लीची को आंधी और बारिश से भारी नुकसान पहुंचा है। इसके अलाला किसानों की तैयार खड़ी फसलें जमीन पर गिर गई हैं। बागवानी किसानों ने बताया कि आम की दशहरी और लंगड़ा जैसी किस्मों के साथ-साथ लीची के गुच्छे भी तेज हवा का सामना नहीं कर सके। आंधी की वजह से काफी नुकसान हुआ है। वहीं, गन्ना किसानों का कहना है कि यह बारिश से फसल के लिए लाभकारी है।

ये भी पढ़ें

बंगाल में BJP की प्रचंड जीत के बाद सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क को क्यों सता रहा डर?
Also Read
View All