यूपी बोर्ड क्षेत्रीय कार्यालय से जुड़े 18 जनपदों के हार्इस्कूूल आैर इंटरमीडिएट के परिणाम रहे शानदार
मेरठ।यूपी बोर्ड के परीक्षा परिणाम आने के बाद अब बोर्ड कार्यालय के सभी परिक्षेत्रों के रिजल्ट का आंकलन किया जा रहा है। बात मेरठ परिक्षेत्र की करें, तो यहां के चार मंडलों और 18 जिलों के रिजल्ट का प्रतिशत 70 प्रतिशत है। बोर्ड कार्यालय के क्षेत्रीय सचिव राणा सहस्त्रांशु सुमन ने बताया कि हालांकि अभी जिलों के परीक्षा परिणाम का आंकलन किया जा रहा है, उसके बाद ही स्थिति पूरी तरह से साफ हो पाएगी, लेकिन मेरठ परिक्षेत्र का परीक्षा परिणाम प्रथम दृष्टया 70 प्रतिशत से अधिक ही है। उन्होंने बताया कि इस बार परीक्षा परिणाम काफी उत्साहवर्धक हैं। हाईस्कूल और इंटर के छात्रों ने बेहतर पढाई की। जिस कारण परीक्षा परिणाम 75 प्रतिशत से अधिक गया है। उन्होंने कहा कि जो छात्र घबराकर पढ़ार्इ छोड़ गए या बोर्ड परीक्षा से खुद की दूरी बनाई, उन्हें ऐसा नहीं करना चाहिए थे।
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नहीं हावी होने दिए नकल माफिया
राणा का कहना है कि इस बार नकल माफियाओं के कारोबार पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई थी। नकल के लिए बदनाम जिलों में विशेष तौर पर पुख्ता व्यवस्था की गई थी। खासकर ऐटा, मैनपुरी, मथुरा, आगरा , अलीगढ़ आदि जनपदों से हर वर्ष नकल करने की शिकायतें मिलती थी। लोग कहते थे वहां पर ठेके छोड़े जाते हैं। इसलिए इन जनपदों में शुरू से ही सख्ती बरती गई और परीक्षा शुरू होने के बाद से तो और भी सख्ती कर दी गई थी। जिसका परिणाम आप और हमारे सामने हैं।
बोर्ड की बेवसाइट पर लगाए गए चार सर्वर
परीक्षा परिणाम बेहतर और जल्दी दिखे। बोर्ड की बेवसाइट खुलने में परेशानी का सामना न करना पड़े। इसके लिए बोर्ड ने अपनी बेवसाइट पर चार सर्वर की अतिरिक्त व्यवस्था की थी इसके अलावा कम्प्यूटर इंजीनियर और साफ्टवेयर इंजीनियर भी बेवसाइट पर नजर रखे हुए थे। जिससे बेवसाइट खुलने या अपलोड करने में छात्रों को परेशानी का सामना न करना पड़े।
शुरू के दो घंटे में सर्वाधिक लोड
बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट पर शुरू के दो घंटे में अधिक लोड़ रहा, लेकिन फिर भी किसी को कोई परेषानी नहीं उठानी पड़ी। राणा ने बताया कि अगर किसी को कोई परेशानी हो तो वह बोर्ड कार्यालय सम्पर्क कर अपनी समस्या का समाधान पा सकता है।