
नई दिल्ली। देश में तेजी के साथ बढ़ते कोरोना संक्रमण के मामलों के बीच कई राज्यों में नाइट कर्फ्यू लगाया गया है, जबकि कई राज्यों में अन्य कई तरह की पाबंदियां लगाई गई है। इन सबके बीच देशभर में तेजी के साथ कोरोना टीकाकरण भी किया जा रहा है, लेकिन महाराष्ट्र में कोरोना वैक्सीन का स्टॉक खत्म होने की बात सामने आने के बाद खलबली मची है।
महाराष्ट्र के स्वास्थ्य मंत्री राजेश टोपे ने कहा कि राज्य में तेजी के साथ कोरोना संक्रमण फैल रहा है और दूसरी तरफ राज्य में कोरोना वैक्सीन का स्टॉक सिर्फ तीन दिन का ही बचा है। इस बयान के बाद अब केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने इस आरोप को सिरे से खारिज कर दिया है।
उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र में वैक्सीन की कमी के आरोप पूरी तरह से निराधार हैं। हर्षवर्धन ने कहा कि पिछले साल वायरस से लड़ने के लिए किए गए प्रयासों में महाराष्ट्र सरकार के असहयोगात्मक रवैये का मैं गवाह रहा हूं। उनके विलक्षण रवैये ने देश में वायरस से लड़ने के प्रयासों को बहुत कमजोर किया है।
हर्षवर्धन ने कहा कि स्वास्थ्य सेवा और फ्रंटलाइन श्रमिकों को टीकाकरण के मामले में महाराष्ट्र सरकार का प्रदर्शन बहुत अच्छा नहीं है। उन्होंने कहा कि कई अन्य राज्यों को भी अपने स्वास्थ्य सेवा प्रणालियों में सुधार करने की आवश्यकता है। कर्नाटक, राजस्थान और गुजरात में परीक्षण की गुणवत्ता में सुधार करने की आवश्यकता है।