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कोरोना का एक भी केस नहीं, फिर भी इस गांव से आने वाले फोन तक उठाने से डर रहे लोग, जानें क्यों

भारत समेत पूरी दुनिया में इस वक्त कोरोना वायरस ( Coronavirus ) का कोहराम मचा हुआ है। इसी बीच एक गांव इस समय संकट में है। संकट किसी वायरस ( Coronavirus Outbreak ) का नहीं, बल्कि का नाम का है। लोग इस गांव का नाम सुनकर ही फोन काट देते है। यह गांव उत्तर प्रदेश के राजधानी लखनऊ में स्थित है। दरअसल, लगभग 9000 आबादी वाले इस गांव का नाम कोरौना ( Corona Village ) है, जो जानलेवा वायरस कोरोना ( COVID-19 in India ) से मिलता जुलता है।
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नई दिल्ली।
भारत समेत पूरी दुनिया में इस वक्त कोरोना वायरस ( Coronavirus ) का कोहराम मचा हुआ है देश में इस वायरस ( COVID-19 ) से अब तक 35 लोगों की जान जा चुकी है। वहीं, इससे संक्रमित मरीजों की संख्या एक हजार को पार कर गई है। इसी बीच एक गांव इस समय संकट में है। संकट किसी वायरस ( Coronavirus Outbreak ) का नहीं, बल्कि का नाम का है। लोग इस गांव का नाम सुनकर ही फोन काट देते है। यह गांव उत्तर प्रदेश के राजधानी लखनऊ में स्थित है। दरअसल, लगभग 9000 आबादी वाले इस गांव का नाम कोरौना ( Corona Village ) है।, जो जानलेवा वायरस कोरोना से मिलता जुलता है।

गांव का नाम सुनते ही डर रहे लोग
गांव का नाम जानलेवा वायरस कोरोना से मिलता जुलता होने के कारण यहां कोई भी आने से डर रहे है। जिस वजह से ग्रामीणों को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। यहां रहने वाले राजन ने बताया किसी को गांव का नाम बताते ही वह हम से दूरी बना लेता है। हम उन्हें कोरौना गांव के बारे में भी बताते है, लेकिन गांव नहीं समझकर इसे वायरस समझ लेता है।

उपहास का विषय बना गांव
विश्व प्रसिद्ध तीर्थ नीमसार के पास स्थित गांव उपहास का विषय बना हुआ है। कोरोना बीमारी के समान नाम के कारण गांव रिश्तेदार और लोगों के मजाक का केन्द्र बना हुआ है। स्थानीय निवासी राजू त्रिपाठी ने कहा, किसी अजनबी को बताते हैं कि हम कोरौना गांव में रहते है, तो वह हंसकर हमें देखता है। एक अनजान व्यक्ति ने मेरे फोन पर कॉल किया और कहा, आप अभी भी जीवित कैसे हैं?

विकसित गांवों में से एक है कोरौना गांव
मिश्रिख तहसील में स्थित कोरौना गांव में एक सरकारी विद्यालय के साथ अन्य सुविधाएं भी हैं। यह विकसित गांवों में से एक है। ग्रामीणों का कहना है कि लॉकडाउन खत्म होने के बाद सरकार से गांव का नाम बदलने की अपील करेंगे। हालांकि, गांव में एक भी कोरोना वायरस का केस नहीं है। लॉकडाउन को सफल बनाने के लिए सोशल डिस्टेंसिंग का पूरा ध्यान रखा जा रहा है।

Published on:
31 Mar 2020 10:53 am