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Coronavirus से भारत में मौतों की संख्या 1 लाख के करीब, प्रदूषण बढ़ने पर दोगुना हो सकता है मौत का आंकड़ा

देश में तेजी से बढ़ रही Coronavirus संक्रमितों की संख्या 1 लाख के करीब पहुंचा कोरोना से मौत का आंकड़ा प्रदूषण बढ़ने के साथ दोगुना हो सकती कोरोना से मौत की संख्या
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Updated: 2 Oct 2020, 9:34 AM IST
Coronavirus may increase in Pollution
प्रदूषण बढ़ने के साथ दोगुना हो सकता है कोरोना से मौत की संख्या

नई दिल्ली। देशभर में कोरोना वायरस ( coronavirus )का खतरा लगातार बढ़ रहा है। अब तक देश में कोरोना से संक्रमित लोगों की संख्या 64 लाख का आंकड़ा पार कर चुकी है। जबकि इस घातक वायरस से मरने वाली की संख्या में 1 लाख के करीब पहुंच गई है। बीते चार हफ्तों के आधार पर कहा जा रहा है कि तीन अक्तूबर तक देश में कोरोना वायरस से मरने वालों की संख्या एक लाख हो जाएगी।

देशभर में फिलहाल 98,678 लोगों कोविड-19 की वजह से अपनी जान गंवा चुके हैं। देश में भारत में पहला कोरोना संक्रमित 30 जनवरी को सामने आया था। दुनियाभर में कोरोना संक्रमित लोगों की संख्या में भारत दूसरे नंबर पर है। इस बीच बड़ी खबर यह है कि प्रदूषण और ठंड बढ़ने के साथ कोरोना का खतरा भी बढ़ जाएगा। जानकारों की मानें तो प्रदूषण के चलते कोरोना से मरने वालों की संख्या दोगुनी हो सकती है।

कोरोना वायरस से दुनिया में अब तक करीब 10 लाख से अधिक लोगों की वायरस से मौत हो चुकी है। जिन तीन देशों में सर्वाधिक मौतें हुई हैं उनमें भारत भी शामिल है।

पिछले एक महीने की स्थिति पर गौर करें तो भारत में रोजाना जितने लोगों की मौत हो रही है उतनी किसी देश में नहीं हो रही है। यही हालात रहे तो जल्द ही दुनिया में कोरोना से सर्वाधिक मौत के मामले में भारत सबसे आगे होगा।

प्रदूषण से बढ़ेगा कोरोना
सर्दियां शुरू होने लगी हैं। इसके साथ सर्दी, खांसी और बुखार जैसी मौसम संबंधी बीमारियां इस दौरान बढ़ जाती है। ऐसे में कोरोना वायरस का संकट इस खतरे को और बढ़ा सकता है। वहीं अब प्रदूषण ने नए खतरे की घंटी बजा दी है।

कोरोना संकट के बीच प्रदूषण जानलेवा हो सकता है। संकट केवल पराली से ही नहीं है, छोटे-बड़े शहरों में तमाम कल-कारखाने काम कर रहे हैं। सड़क परिवहन भी पूरी तरह सक्रिय है। ये भी प्रदूषण के बड़े कारक हैं।

दरअसल प्रदूषण की मार शरीर की रोगप्रतिरोधक क्षमता पर पड़ती है। चिकित्सकों और पर्यावरणविदों की मानें तो प्रदूषण बढ़ने के साथ ही देश में कोरोना से मौत के मामलों में तेजी देखने को मिल सकती है, ये दोगुने तक पहुंच सकती है।

दिल्ली-एनसीआर में ज्यादा खतरा
दिल्ली-एनसीआर की आबोहवा धीरे-धीरे बिगड़ने लगी है। पराली जलाए जाने और कल-कारखानों के बीच यहां प्रदूषण बढ़ने लगा है। दिल्ली के डॉक्टरों ने चेताया है कि प्रदूषण से बचने के लिए कारगर कदम नहीं उठाए गए तो स्थिति भयावह हो सकती है और कोरोना से मौतें दोगुनी हो सकती हैं।

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