कोरोना वायरस के खिलाफ लड़ाई में भारतीय जांबाज सेना भी जुटी है कोरोना को ध्यान में रखते हुए सेना ने जवानों को तीन कैटेगरी में बांटा
नई दिल्ली।कोरोना वायरस ( Coronavirus ) के खिलाफ लड़ाई में केंद्र और राज्य सरकारें ही नहीं, बल्कि हमारी भारतीय जांबाज सेना ( Indian Army ) भी जुटी है।
सेना के जवान कोरोना ( Coronavirus in India ) के खतरे के बीच देश की सेवा में जुटे हैं। यही वजह है कि सेना अब लॉकडाउन ( Lockdown ) के बीच लंबे समय से ड्यूटी कर रहे जवानों को राहत देने की सोच रही है।
इसके लिए उन फौजियों को ड्यूटी जॉइन करने का निर्देश दिया गया है, जो या तो अब तक छुट्टी पर चल रहे थे या फिर टेंपरेरी ड्यूटी पर गए हुए थे।
इन जवानों के ड्यूटी पर आ जाने के बाद लंबे समय से काम कर रहे सैनिकों को छुट्टी पर भेजा जा सकेगा।
सेना ने छुट्टी पर चल रहे जवानों के लिए जो निर्देश जारी किया है? उसमें कहा गया है कि जो जवान अपनी ड्यूटी की लोकेशन से 500 किलोमीटर के दायरे में है वो अपने निजी वाहन से सीधे रिपोर्ट कर सकते हैं।
इसके साथ ही जो जवान 500 किलोमीटर के दायरे से बाहर हैं वो अपनी नजदीकी यूनिट में रिपोर्ट कर सकते हैं। वहीं सेना ने अपने सभी जवानों और अफसरों को ग्रीन, यलो और रेड कटैगरी में बांटने की बात कही है।
नई व्यवस्था के अंतर्गत 14 दिन का क्वारंटीन पीरियड पूरा करने वालों को ग्रीन कटैगरी में रखा जाएगा।
जबकि जिनको अभी 14 दिन के क्वारंटीन में जाने की जरूरत है, उनको यलो जोन में और खांसी-जुकाम जैसे लक्षणों वालों को रेड जाने में रखा जाएगा। इनको आइसोलेशन में रखकर इलाज किया जाना है।
इसलिए जो लोग छुट्टी से वापस आएंगे उनको यलो कैटेगरी में माना जाएगा।
इन लोगों को 14 दिनों के लिए क्वारंटाइन में रखना होगा। क्वारंटाइन पीरियड को वो अपनी यूनिट व स्टेशन में पूरा करेंगे। इसके बाद ही उनको ड्यूटी पर तैनात किया जा सकेगा