
नई दिल्ली। पूर्वी लद्दाख क्षेत्र में चीन के साथ तनाव के बीच भारत और श्रीलंका की नौसेनाएं 3 दिवसीय युद्धाभ्यास SLINEX-20 आज से शुरू करेंगी। 19 से 21 अक्टूबर तक चलने वाले युद्धाभ्यास के दौरान दोनों देश की नौसेनाएं अपने रणनीतिक हितों और आपसी तालमेल का प्रदर्शन करेंगी। स्लाइनेक्स—20 के आठवें संस्करण का मकसद दोनों देश की नौसेनाओं के बीच उच्च स्तर पर तालमेल बढ़ावा देना है।
तैनात होंगे जंगी जहाज
नौसेना के एक अधिकारी से मिली जानकारी के मुताबिक भारतीय नौसेना अभ्यास में पनडुब्बी रोधी युद्धक जलपोत आईएनएस कामोर्ता और आईएनएस किल्टन के साथ ही बड़ी संख्या में आधुनिक हल्के हेलीकॉप्टर, चेतक हेलीकॉप्टर और डोर्नियन समुद्री गश्त विमान तैनात करेगी। श्रीलंका की नौसेना का प्रतिनिधित्व गश्ती जहाज सयूरा और प्रशिक्षण पोत गजबाहु करेंगे। बता दें कि 2019 में यह समुद्री युद्धाभ्यास सितंबर में हुआ था।
बंगाल की खाड़ी में तालमेल पर जोर
भारतीय नौसेना के प्रवक्ता के मुताबिक स्लाइनेक्स-8 युद्धाभ्यास से भारत और श्रीलंका के बीच गहरी साझेदारी और बेहतर तालमेल की मिसाल पेश करती है। इससे समुद्री क्षेत्र खासकर बंगाल की खाड़ी में आपसी तालमेल को बढ़ावा मिला है।
18 अक्टूबर को हुई थी द्विपक्षीय वार्ता
इससे पहले भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और श्रीलंका के प्रधानमंत्री महिंदा राजपक्षे के बीच 18 अक्टूबर को शिखर वार्ता हुई थी। दोनों के गीच समुद्री सहयोग को लेकर गहन चर्चा हुई थी। पीएम मोदी ने कहा था कि सामरिक और सुरक्षा क्षेत्र में भारत श्रीलंका को सहायता जारी रखेगा।
बता दें कि पिछले कुछ वर्षों के दौरान चीन द्वारा श्रीलंका के साथ रक्षा क्षेत्र में रिश्ते मजबूत करने से भारत में गहरी चिंता पैदा हुई है। हालांकि चीन की नीतियों की वजह से श्रीलंका को मायूसी हाथ लगी है। उसके बाद से श्रीलंका के प्रधानमंत्री ने भारत को भरोसा दिलाया है कि वो भारतीय सुरक्षा हितों के खिलाफ कोई कदम नहीं उठाएगा।