Nitin Gadkari ने कहा कि Indian Economy पर 30 लाख करोड़ की भरपाई का दबाव बढ़ा है। इसमें 10 लाख करोड़ रुपए सीधे Revenue loss है। Modi Government ने 5 साल में जितना काम किया उतना Congress के 55 वर्षों के शासनकाल में नहीं हुआ। देश के 115 पिछड़े जिलों ( Backward District ) को विकसित करने की जरूरत है। ये जिले सामाजिक और आर्थिक रूप से पिछड़े हुए हैं।
नई दिल्ली। केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ( Union Minister Nitin Gadkari ) ने नागपुर ( Nagpur ) में BJP की जन संवाद वर्चुअल रैली ( Virtual Rally ) को संबोधित करते हुए बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ( Modi Government ) ने 5 साल में जितना काम किया उतना कांग्रेस ( Congress ) के 55 वर्षों के शासनकाल में नहीं हुआ।
इस रैली में उन्होंने कोरोना वायरस महामारी ( Coronavirus Pandemic ) से देश की अर्थव्यवस्था ( Indian Economy ) को होने वाले नुकसान का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि कोविद-19 ( Covid-19 ) की वजह से देश को 10 लाख करोड़ रुपए का नुकसान होगा। इसकी भरपाई के लिए मोदी सरकार ने 20 लाख करोड रुपए की आत्मनिर्भर भारत पैकेज ( Atmanirbhar Bharat Package ) की घोषणा की है। यानि कुल मिलाकर देश की अर्थव्यवस्था पर 30 लाख करोड़ की भरपाई का दबाव बढ़ा है। इसमें 10 लाख करोड़ रुपए सीधे राजस्व का नुकसान ( Revenue loss ) है।
हमारी GDP 200 लाख करोड़ रुपए की है। अगर इस तरह से 200 लाख करोड़ की GDP से 30 लाख करोड़ ऐसे चला जाता है तो समझा जा सकता है कि कितनी खतरनाक स्थिति है।
अर्थव्यवस्था को पंप करने की जरूरत
इसलिए हमें अर्थव्यवस्था में तेल डालकर उसे पंप करने की ज़रूरत है। नहीं तो उद्योग और व्यवसाय नहीं चलेंगे। नितिन गडकरी ने कहा कि एक इकोनॉमिक जंग ( Economic war ) शुरू हो चुकी है। हमारे गांव, किसान, कामगार और उद्योग कोरोनावायरस के कारण संकट में आ गए हैं।
देश के 115 पिछड़े जिलों का करना होगा विकास
इसलिए पूंजी गरीब लोगों तक पहुंचनी होगी। उन्होंने जोर देकर कहा कि देश के 115 आकांक्षी जिलों ( Backward district ) को विकसित करने की जरूरत है जो सामाजिक और आर्थिक रूप से पिछड़े हुए हैं। गडकरी ने कहा कि अर्थव्यवस्था बेहतर करना भी उतना ही जरूरी है जितना कोरोना वायरस के खिलाफ लड़ाई लड़ना।
देश को 5 ट्रिलियन डॉलर की इकोनॉमी बनाने की क्षमता हमारे पास है
नितिन गडकरी ने कि हमें भारत को 5 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने के मिशन को पूरा करना है। हमारे पास वह क्षमता है। हमारे पास युवा, प्रतिभाशाली और कुशल शक्ति है।
कुछ राज्यों के पास वेतन देने के पैसे नहीं हैं
कई राज्यों की स्थिति इतनी खराब है कि कुछ राज्यों के पास तो अगले महीने का वेतन देने के लिए भी पैसा नहीं हैं। गडकरी का कहना है कि देश को इस महामारी का सकारात्मक सोच के साथ सामना करना होगा।
कोरोना वैक्सीन का करना होगा इंतजार
केंद्रीय सड़क व परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने खराब दौर में उम्मीद जताई है कि जल्द ही कोरोना वायरस की वैक्सीन ( Coronavirus Vaccine ) विकसित की जाए। तब तक हमें कोरोना से लड़ना होगा। अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए आर्थिक जंग लड़नी होगी।