भारत में लगातार बढ़ती जा रही कोरोना वायरस के मरीजों की संख्या केंद्र सरकार ने देश में 3 मई तक के लिए लॉकडाउन लागू किया हुआ है
नई दिल्ली। भारत में कोरोना वायरस ( coronavirus ) के मरीजों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। ऐसे में कोरोना से रोकथाम के लिए केंद्र सरकार ने देश में 3 मई तक के लिए लॉकडाउन ( Lockdown ) लागू किया हुआ है।
इस बीच देखने में आया है कि कुछ राज्य व केंद्र शासित प्रदेश अपने यहां लॉकडाउन में गैर-जरूरी छूट दे रहे हैं, जिससे देश में कोरोना का संक्रमण ( Coronavirus Infection ) तेजी से फैलने की आशंका है।
ऐसे में पत्रिका ने कुछ राज्यों में भारत सरकार की अनुमति के बिना लॉकडाउन में दी जा रही छूट को लेकर अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर ऑनलाइन पोल किया।
पत्रिका ने अपने ऑनलाइन पोल में पूछा है कि केंद्र सरकार ने कोरोना महामारी को फैलने से रोकने के लिए 3 मई तक लॉक डाउन को बढ़ा दिया था। कुछ राज्य और केंद्र शासित प्रदेश भारत सरकार की अनुमति के बिना इसमें छूट दे रहे हैं। क्या उनका ऐसा करना गलत है?
इस सवाल के जवाब में यूजर्स को हां, नहीं और पता नहीं का बटन दबाना था। आपको जानकर ताज्जुब होगा कि फेसबुक पर पत्रिका के इस पोल में 71.4 प्रतिशत यूजर्स का जवाब हां था।
यानी वो केंद्र सरकार की अनुमति लिए बिना राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों में दी जा रही छूट को गलत मानते हैं। जबकि 27.6 प्रतिशत यूजर्स ने इस पर अपनी असहमति जताई। 1 प्रतिशत को इस विषय में जानकारी नहीं है।
आपको बता दें कि देश में 15 अप्रैल से लागू लॉकडाउन-2 में मिली छूट को लेकर कुछ राज्य अपनी मनमर्जी चला रहे हैं।
इसको लेकर केंद्र और राज्यों के बीच मतभेद उभर आया है। केंद्र सरकार का कहना है कि राजस्थान, उड़ीसा, महाराष्ट्र, पंजाब, तेलंगाना व बिहार सहित कई राज्यों ने लॉकडाउन में अपने ही नियम बना डाले हैं।