सार्वजनिक परिवहन के साधनों को लेकर स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोटोकॉल। इंस्टीट्यूट फॉर ट्रांसपोर्टेशन एंड डेवलपमेंट पॉलिसी ने SOP तैयार किया। सरकार को बसों में अपनाई जाने वाली सावधानियों की भेजी सिफारिशें।
चेन्नई। देश भर में बढ़ते कोरोना वायरस के मामलों के बीच लॉकडाउन लागू है। हालांकि तमिलनाडु सरकार लॉकडाउन के बाद सार्वजनिक परिवहन को फिर से शुरू करने के तरीकों और साधनों पर रणनीति बना रही है। इस संबंध में सरकार को सौंपी गई प्रारंभिक मानक संचालन प्रक्रियाओं ( SOP ) के मुताबिक, 50 फीसदी क्षमताओं के साथ बसों का संचालन किया जाना चाहिए। जबकि COVID-19 महामारी के खिलाफ लड़ाई में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले स्वास्थ्य और स्वच्छता कार्यकर्ताओं के लिए अलग बसें चलाई जानी चाहिए।
इसके अलावा मुसाफिरों को भ्रम की स्थिति से बचाने और सोशल डिस्टेंसिंग के लिए बसों की सीटों में अलग-अलग जगह बैठने के लिए निशान बनाए जाने चाहिए। सरकार को सौंपी गई एसओपी के अनुसार, "अगर बसों के भीतर सीटें फुल हो गई हैं, तो नए यात्रियों को बैठने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए।"
एसओपी के मुताबिक "12-मीटर वाली मानक आकार की बस के लिए अधिकतम स्वीकृत कुल यात्री क्षमता 18-20 होनी चाहिए, जबकि मध्यम बसों के लिए यह 12-14 होनी चाहिए।" मुसाफिरों के बीच शारीरिक संपर्क रोकने के लिए यात्रियों को पिछले दरवाजे से चढ़ने और अगले दरवाजे से उतरने की जरूरत पर भी जोर दिया।
अन्य सिफारिशों में बसों के अंदर सोशल डिस्टेंसिंग की निगरानी के लिए सीसीटीवी कैमरे लगाने और किसी भी उल्लंघन के मामले में ऑन-बोर्ड चालक दल को सूचित किए जाने के लिए कहा गया है। इसके साथ ही ड्राइवर और यात्रियों के बीच शारीरिक संपर्क को कम करने के लिए एक पारदर्शी स्क्रीन का उपयोग करके बसों में चालक क्षेत्र को अलग किया जा सकता है।
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SOP तैयार करने वाले इंस्टीट्यूट फॉर ट्रांसपोर्टेशन एंड डेवलपमेंट पॉलिसी (ITDP) द्वारा इन नियमों को चीन और बगोटा मॉडल के हिसाब से लिया गया है। इस संबंध में ITDP की वरिष्ठ कार्यक्रम प्रबंधक दिलीप अस्वथी कहती हैं, "हमारी योजना है कि आने वाले हफ्तों में हमें यह सुनिश्चित करने की ज़रूरत है कि राज्य के सभी नागरिकों के लिए सुरक्षित और आसान पहुंच उपलब्ध हो। जैसा कि हम सार्वजनिक परिवहन की सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में काम कर रहे हैं, शहर में जल्द से जल्द साइकिल चलाने को भी प्रोत्साहित कर सकते हैं। इसके लिए मुख्य सड़कों के साथ अस्थायी साइकिल ट्रैक सामाजिक दूरी को बनाए रखने में उपयोगी होंगे।"
SOP में की गई सिफारिशें