Kisan Andolan: संयुक्त किसान मोर्चा ने आगामी 10 अप्रैल को 24 घंटे के लिए कुंडली-मानेसर-पलवल (KMP) एक्सप्रेस-वे को जाम करने का ऐलान कर दिया है।
नई दिल्ली। केंद्र सरकार द्वारा बनाए गए तीन कृषि कानूनों को वापस किए जाने की मांग को लेकर किसान संगठन बीते चार महीने से अधिक समय से धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं। इस बीच सरकार और किसान संगठनों के बीच कई दौर की वार्ता भी हो चुकी है, लेकिन हल नहीं निकल सका है और दोनों पक्षों के बीच जारी गतिरोध थमता नजर नहीं आ रहा है।
वहीं किसान तीनों कृषि कानूनों को वापस लेने और न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) को कानूनी मान्यता दिलाने की मांग को लेकर जिद पर अड़ गए हैं, जबकि सरकार बार-बार आश्वसान दे रही है कि एमएसपी कभी खत्म नहीं किया जाएगा। अब संयुक्त किसान मोर्चा ने एक बार फिर से सरकार के खिलाफ व्यापक विरोध-प्रदर्शन करने का ऐलान कर दिया है।
संयुक्त किसान मोर्चा ने आगामी 10 अप्रैल को 24 घंटे के लिए कुंडली-मानेसर-पलवल (KMP) एक्सप्रेस-वे को जाम करने का ऐलान कर दिया है। इसके बाद मई में पैदन संसद मार्च करने की घोषणा की है। हालांकि, संसद मार्च करने की तारीख का ऐलान अभी नहीं किया गया है।
बता दें कि इससे पहले इसी महीने किसानों ने केएमपी एक्सप्रेस-वे और वेस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेस-वे को बाधित कर दिया था। किसान संगठनों ने दोनों एक्सप्रेस-वे को सुबह 11 बजे से शाम के 4 बजे तक जाम कर दिया था। इसके अलावा 26 मार्च को भारत बंद बुलाया था।