
Moradabad dios office teacher accountant fight viral video: उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद में स्थित जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस) कार्यालय एक बार फिर विवादों के केंद्र में आ गया है। इस बार मामला शिक्षकों के वेतन बिल और ऑडिट को लेकर इतना गरमा गया कि शिक्षक संघ के पदाधिकारी और लेखाधिकारी के बीच तीखी बहस हो गई। बहस इतनी बढ़ गई कि एक शिक्षक ने "जूता मार दूंगा" तक कह दिया, तो जवाब में लेखाधिकारी बोले - "गोली मार दो!" यह पूरा घटनाक्रम कैमरे में कैद हो गया और अब इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
पूरा मामला एक वरिष्ठ भाजपा कार्यकर्ता की शिकायत से शुरू हुआ, जिसके आधार पर शिक्षा निदेशालय, लखनऊ स्थित वित्त नियंत्रक (माध्यमिक) ने मुरादाबाद डीआईओएस कार्यालय को निर्देश दिया कि विद्यालयों के अभिलेखों का लेखा परीक्षण कराया जाए। इसके बाद कई विद्यालयों का ऑडिट शुरू कर दिया गया। लेकिन तभी कुछ प्रधानाचार्यों ने उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ (शर्मा गुट) से यह आरोप लगाते हुए शिकायत की कि ऑडिट के नाम पर धन की उगाही की जा रही है।
मंगलवार को जब विभिन्न विद्यालयों के लिपिक अपने-अपने स्कूलों के वेतन बिल लेकर लेखाधिकारी के पास पहुंचे, तो उन्होंने स्पष्ट रूप से मना कर दिया कि बिना ऑडिट के वे किसी भी वेतन बिल पर हस्ताक्षर नहीं करेंगे। इस फैसले से शिक्षकों में रोष फैल गया।
बुधवार को शिक्षक संघ के पदाधिकारी डीआईओएस कार्यालय पहुंचे और लेखाधिकारी से इस मुद्दे पर चर्चा करने की कोशिश की। लेकिन बातचीत की बजाय मामला बहस में तब्दील हो गया। शिक्षक नेताओं ने आरोप लगाया कि लेखाधिकारी वेतन बिलों को जानबूझकर ऑडिट से जोड़कर रोके हुए हैं, जो कि नियमों के खिलाफ है।
बातचीत के दौरान मामला इतना बिगड़ गया कि शिक्षक ने लेखाधिकारी से कह दिया - "जूता मार दूंगा।" इस पर लेखाधिकारी का जवाब और भी चौंकाने वाला था "गोली मार दो।" लगभग आधे घंटे तक बहस चलती रही और माहौल तनावपूर्ण हो गया। इस दौरान शिक्षणेत्तर कर्मचारी संघ के जिलाध्यक्ष विशेष कुमार के साथ भी लेखाधिकारी द्वारा कथित अभद्रता की गई।
जैसे ही मामला बढ़ने लगा, डीआईओएस देवेंद्र कुमार पांडेय ने हस्तक्षेप कर दोनों पक्षों को शांत किया। उन्होंने लेखा परीक्षण से संबंधित जारी पत्र को निरस्त करने का आदेश दिया और फिलहाल वेतन बिलों पर प्रक्रिया को फिर से शुरू करने का आश्वासन दिया।
इस मौके पर शिक्षक संघ और शिक्षणेत्तर कर्मचारी संघ के कई पदाधिकारी उपस्थित रहे। शिक्षक संघ पदाधिकारी डॉ. सनीत गिरी ने बताया कि लेखाधिकारी के व्यवहार को लेकर पहले भी कई शिकायतें मिल रही थीं और बुधवार की बैठक पहले से निर्धारित थी। लेकिन लेखाधिकारी के व्यवहार ने स्थिति को और बिगाड़ दिया।
डीआईओएस देवेंद्र पांडेय ने बताया कि मंगलवार को ही शिक्षक संघ पदाधिकारी शिकायत लेकर आए थे और बुधवार को बातचीत रखी गई थी, जो गरमागरम बहस में बदल गई, लेकिन समय रहते दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर मामला शांत कर लिया गया।