इस बार पिछले साल की तरह कोई भी तिथि क्षय नहीं होने से नवरात्रि पूरे 9 दिनों की रहेगी। जो सुख और संपदा का संकेत है।
मुरादाबाद: हिन्दू धर्म में सभी तीज त्योहारों का विशेष धार्मिक महत्व है। अब पितृ पक्ष अपने अतिम पड़ाव पर है। पितृ अमावस्या के साथ इसका समापन हो जायेगा। उसके बाद से 10 अक्टूबर से इस बार शारदीय नवरात्र शुरू हो रहे हैं। जिसको लेकर सभी को उत्सुत्कता रहती है खासकर व्रत और पूजन के साथ ही देवी के कलश स्थापना को लेकर। इसीलिए टीम पत्रिका ने महानगर के वरिष्ठ ज्योतिष पंकज वशिष्ठ से चर्चा की। जिसमें उन्होंने विस्तार से नवरात्र व्रत के बारे में जानकारी दी।
इतने दिन हैं नवरात्र
ज्योतिष पंकज वशिष्ठ के मुतबिक इस बार ग्रह-नक्षत्रों के संयोग से कई शुभ संयोग बन रहे हैं। इस बार पिछले साल की तरह कोई भी तिथि क्षय नहीं होने से नवरात्रि पूरे 9 दिनों की रहेगी। जो सुख और संपदा का संकेत है। जिससे सभी लोगों के लिए नवरात्रि फलदायी रहेगा। 19 अक्टूबर तक चलने वाले शारदीय नवरात्रि में माता दुर्गा इस बार नौका पर सवार होकर आएंगी और सभी की मनोकामनाओं को पूरा करेंगी। वहीं विजयादशमी के दिन हाथी पर सवार होकर प्रस्थान करेंगी।
9 दिन रहेगा उत्सव
उन्होंने बताया कि इस बार शारदीय नवरात्रि पूरे 9 दिनों तक रहेंगे। इससे पहले साल 2018 में भी नवरात्रि 9 दिनों का था। साल 2019 में भी शारदीय नवरात्रि पूरे 9 दिनों तक रहेंगे। द्वितीय नवरात्र प्रथम नवरात्र के साथ ही बुधवार को पड़ रही है। एक नवरात्र कम होने के बावजूद नवरात्र के नौ ही दिन पड़ने वाले हैं।
सभी के लिए रहेंगे शुभ
यही नहीं क्यों सभी के लिए नवरात्र इस बार शुभ होने वाले हैं उन्होंने बताया कि इस बार शारदीय नवरात्रि का शुभारंभ बुधवार को चित्रा नक्षत्र में हो रहा है। वहीं महानवमी का आगमन श्रवण नक्षत्र में होगा, इस दिन ध्वज योग है। ऐसे में यह शारदीय नवरात्र सभी देश वासियों के लिए बहुत शुभ होने की बात कही जा रही है।
इसलिए और है फलदाई
इस बार के नवरात्रि में 10 अक्टूबर से 18 अक्टूबर के बीच में राजयोग, द्विपुष्कर योग, अमृत योग ,सर्वार्थसिद्धि और सिद्धियोग का संयोग भी बन रहा है। इन 9 दिनों में नवरात्रि पूजा-पाठ और खरीदारी अत्यधिक शुभ और फलदायी रहेगी।
इस नवरात्र में कलश स्थापना का समय उन्होंने इस प्रकार बताया है
सुबह – 6:18 मिनट से 10:11 मिनट तक रहेगा।
कलश स्थापना का सबसे शुभ मुहूर्त- ब्रह्म मुहूर्त से सुबह 7:56 मिनट तक
कुल समय - 3 घंटे 52 मिनट
महाअष्टमी- 17 अक्टूबर
महानवमी- 18 अक्टूबर
इसके अलावा दशहरा इस बार 19 अक्टूबर को मनाया जाएगा।