Highlights राष्ट्रपति को भेजा ज्ञापन छात्रों ने जामिया में हिंसा की भी निंदा की कानून वापस लेने की मांग की
मुरादाबाद: देश में नागरिकता संशोधन कानून (Citizen Amendment Act ) और NRC को लेकर लोगों का विरोध लगातार बढ़ता जा रहा है। इसी कड़ी में आज कुन्दरकी में कुछ युवाओं द्वारा इस कानून को वापस लेने की मांग को लेकर अपने ख़ून से एक लेटर लिखा, जिसे बीडीओ के माध्यम से राष्ट्रपति को भेजा। इससे पहले भी अलग-अलग लोगों ने अपने अपने तरीके से इस कानून के खिलाफ अपना विरोध जताया है।
ये की है मांग
जनपद के कस्बा कुंदरकी में कुछ छात्रों द्वारा ब्लॉक परिसर पहुंचकर शांतिपूर्ण तरीके से विकास खंड अधिकारी को खून से लिखा हुआ पत्र सौंपा गया। पत्र में छात्रों ने राष्ट्रपति से अपील की है की वह सीएए कानून वापस लें। सरकार के इस कानून लाने से मुस्लिम समाज के लोगों को ठेस पहुंची है छात्रों ने कहा है कि सरकार यदि सबका साथ सबका विकास चाहती है तो वह तुरंत इस कानून को वापस लेकर एक मिसाल पेश करें। साथी छात्रों ने कहा जामिया और एएमयू में छात्रों के साथ हुई बर्बरता की वह कड़े शब्दों में निंदा करते हैं और सरकार से मांग करते हैं जिन्होंने छात्रों के साथ बर्बरता की है उन दोषियों के खिलाफ कार्यवाही की जाए। छात्रों ने देश के तमाम लोगों से संवैधानिक तरीके से विरोध करने की अपील की और कहा कि हम गांधीवादी लोग हैं हमें अहिंसा के रास्ते पर चलना है।