Dimple Mehta Profile: मीरा-भायंदर को नया मेयर मिलने के बाद डिंपल मेहता चर्चा में हैं। आखिर कौन हैं डिंपल मेहता जिनको लेकर शहर की राजनीति गरमा गई है।
Dimple Mehta Profile:महाराष्ट्र के मीरा भायंदर में इस समय राजनीति गरमाई हुई है। नगर निगम को नया मेयर मिलते ही शहर में चर्चा शुरू हो गई है। बीजेपी के पार्षद डिंपल मेहता के मेयर बनते ही जहां बीजेपी कार्यकर्ताओं में खुशी देखने को मिल रही है, वहीं दूसरी तरफ विपक्षी दल इसका कड़ा विरोध कर रहे हैं। मेयर चुनाव के परिणामों को मराठी बनाम गैर-मराठी की बहस में बदल दिया है। एक तरफ विपक्षी दल सड़कों पर उतरने की बात कही तो वहीं दूसरी तरफ बीजेपी ने इसे जनता का फैसला बताया।
आपको बता दें कि मीरा-भायंदर नगर निगम में कुल 95 पार्षद हैं। इनमें से बीजेपी के पास 78 पार्षदों के साथ साफ बहुमत है। चुनावी प्रक्रिया के दौरान विपक्ष ने चुनौती देने की कोशिश जरूर की थी। मेयर चुनाव में कांग्रेस और शिवसेना (शिंदे गुट) ने मिलकर संयुक्त मोर्चा बनाया था। इस गठबंधन ने रुबीना खातून को मेयर पद का उम्मीदवार घोषित किया था। विपक्ष का उद्देश्य बीजेपी के बढ़ते प्रभाव को चुनौती देना था, लेकिन बीजेपी के संख्या बल के सामने यह कोशिश नाकाम रही।
डिंपल मेहता के मेयर बनते ही मीरा-भायंदर में मराठी और गैर-मराठी को लेकर विवाद तेज हो गया था। महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना और महाराष्ट्र एकीकरण समिति ने इस फैसले का विरोध करते हुए कहा कि शहर का मेयर मराठी भाषी होना चाहिए, ताकि वह स्थानीय लोगों की भावनाओं को सही तरीके से समझ सके। इसी मुद्दे को लेकर सड़कों पर उतरने और नारेबाजी की बात कही गई है। महाराष्ट्र एकीकरण समिति ने तो डिंपल मेहता की नियुक्ति के खिलाफ 3 किलोमीटर लंबी पदयात्रा निकालने का ऐलान भी कर दिया था। वहीमं बीजेपी ने इन आरोपों को पूरी तरह से नकार दिया। पार्टी का कहना है कि जो लोग विरोध कर रहे हैं, उनमें शिवसेना और मनसे से जुड़े लोग भी शामिल हैं। बीजेपी ने अनुसार यह मामला भाषा या मराठी सम्मान से जुड़ा नहीं है, बल्कि पूरी तरह से राजनीति से प्रेरित है।
डिंपल मेहता बीजेपी की एक जानी-मानी नेता हैं। 3 फरवरी 2026 को हुए मेयर चुनाव में उन्होंने 95 में से 79 वोट हासिल कर दूसरी बार यह पद संभाला है। वह वार्ड नंबर 12 से पार्षद चुनी गई थीं और इससे पहले भी साल 2017 में मीरा-भायंदर की मेयर रह चुकी हैं। डिंपल मेहता, पूर्व विधायक और भाजपा के नेता नरेन्द्र मेहता की भाभी हैं और उनके पति का नाम विनोद मेहता है। वह महिला एवं बाल कल्याण समिति की अध्यक्ष भी रह चुकी हैं। स्थानीय स्तर पर उन्हें पानी, सड़क, सफाई और जनसमस्याओं पर काम करने वाली सक्रिय नेता के रूप में जाना जाता है।