मुंबई

नागपुर में बड़ा हादसा: SBL एनर्जी प्लांट धमाके में मृतकों की संख्या बढ़कर हुई 17, NDRF मौके पर

Nagpur SBL Company Blast: महाराष्ट्र के नागपुर में विस्फोटक बनाने वाली कंपनी एसबीएल एनर्जी में आज सुबह जबरदस्त विस्फोट हुआ। यह कंपनी बारूद, डेटोनेटर और अन्य विस्फोटक सामग्री तैयार करती है।

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Mar 01, 2026
नागपुर में SBL एनर्जी प्लांट में धमाके से 15 की मौत (Photo: ANI/File)

महाराष्ट्र के नागपुर जिले से रविवार सुबह दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। काटोल तहसील के राउलगांव में स्थित एसबीएल कंपनी में सुबह करीब 7 बजे जोरदार विस्फोट हो गया। इस भीषण धमाके में 17 मजदूरों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 18 लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। NDRF और SDRF की टीमें मौके पर मौजूद हैं। यह कंपनी बारूद और डेटोनेटर सहित अन्य विस्फोटक सामग्री तैयार करती है।

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने घोषणा की है कि राज्य सरकार इस धमाके में मारे गए लोगों के परिजनों को 5 लाख रुपये की आर्थिक मदद देगी। इसके अलावा, संबंधित कंपनी भी उनके परिवारों को आर्थिक मदद देगी।

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पुलिस के अनुसार, घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है, हालांकि विस्फोट के सटीक कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है।

धमाके के बाद मची अफरा-तफरी

विस्फोट इतना जबरदस्त था कि आसपास के गांवों तक उसकी आवाज सुनाई दी। धमाके के बाद फैक्ट्री परिसर में आग लग गई, जिससे हालात और बिगड़ गए। सूचना मिलते ही पुलिस और दमकल विभाग की टीमें मौके पर पहुंचीं और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया गया।

घटना की खबर फैलते ही मृतकों के परिजन और स्थानीय नागरिक बड़ी संख्या में फैक्ट्री के बाहर जमा हो गए। गुस्से और आक्रोश का माहौल साफ दिखाई दे रहा है।

पुलिस ने क्या कहा?

आज सुबह नागपुर ग्रामीण के पुलिस अधीक्षक हर्ष पोद्दार ने आधिकारिक तौर पर 15 मौतों और 18 घायलों की पुष्टि की। प्रारंभिक तौर पर कंपनी प्रबंधन पर सुरक्षा मानकों की अनदेखी के आरोप लगाये जा रहे हैं। हालांकि इस संबंध में विस्तृत जांच जारी है।

फिलहाल प्रशासन ने पूरे परिसर को सील कर दिया है और फॉरेंसिक टीमों को बुलाया गया है। जांच एजेंसियां इस बात की पड़ताल कर रही हैं कि क्या यह कोई तकनीकी खराबी थी या मानवीय लापरवाही। शुरुआती जांच में बारूद और डेटोनेटर निर्माण प्रक्रिया के दौरान किसी तकनीकी चूक की आशंका जताई जा रही है, लेकिन आधिकारिक पुष्टि अभी बाकी है।

'कंपनी ने सुरक्षा नियमों की घोर अनदेखी की'

स्थानीय विधायक चरणसिंह ठाकुर ने भी कंपनी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि फैक्ट्री में सुरक्षा को लेकर भारी लापरवाही बरती जा रही थी। उन्होंने आरोप लगाया कि यहां मजदूरों को बिना किसी आवश्यक प्रशिक्षण और सुरक्षा उपकरणों के खतरनाक परिस्थितियों में काम पर लगाया जाता था। उन्होंने मांग की है कि इस हादसे के लिए जिम्मेदार लोगों पर सख्त कार्रवाई की जाए और मृतकों के परिवारों को उचित मुआवजा दिया जाए।

एक साल पहले भी हुआ था ऐसा हादसा

हैरानी की बात यह है कि राउलगांव का यह इलाका पहले भी ऐसे ही धमाकों का गवाह रहा है। ठीक एक साल पहले 16 फरवरी को इसी क्षेत्र के कोतवालबद्दी में स्थित 'एशियन फायर वर्क्स' कंपनी में भी बड़ा विस्फोट हुआ था। तब चार मजदूर चपेट में आये थे, जिनमें से दो की मौत हो गई थी। लगातार हो रहे इन हादसों से नागपुर में मौजूद विस्फोटक कंपनियों की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े हो रहे हैं।

Updated on:
01 Mar 2026 01:16 pm
Published on:
01 Mar 2026 10:51 am
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