मुंबई

Rain Alert: बेमौसम बारिश का साया, 11 जिलों में आंधी-बारिश का अलर्ट जारी, अगले 48 घंटे अहम

Rain Alert: बताया जा रहा है कि अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी और स्थानीय स्तर पर बढ़े तापमान की वजह से बादल बन रहे हैं। इसी कारण अचानक बारिश की स्थिति बन रही है।

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Feb 24, 2026
फाइल फोटो- पत्रिका

महाराष्ट्र (Maharashtra IMD Weather Update) के मौसम में एक बार फिर बड़ा उलटफेर देखने को मिल रहा है। पिछले कुछ दिनों से बढ़ रहे तापमान और गायब होती ठंड के बीच अब राज्य पर 'बेमौसम बारिश' का संकट मंडरा रहा है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने चेतावनी दी है कि अगले 48 घंटों के दौरान राज्य के कई हिस्सों में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। रविवार रात से ही राज्य के कई इलाकों में बादलों का डेरा जमना शुरू हो गया था, जिससे उमस और गर्मी में भी इजाफा महसूस किया जा रहा है।

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किन जिलों में बरसेंगे बादल?

मौसम विभाग ने विशेष रूप से 23 से 25 फरवरी के बीच बिजली-तूफान के साथ बारिश का अनुमान जताया है। विभाग के अनुसार, इस दौरान मराठवाड़ा, विदर्भ और पश्चिम महाराष्ट्र के कुल 11 जिलों में आंधी-बारिश की संभावना है। इसमें नागपुर, सांगली, सोलापुर, परभणी, हिंगोली, नांदेड, लातूर, धाराशीव, यवतमाल, वर्धा, चंद्रपूर और गडचिरोली जैसे प्रमुख जिले शामिल हैं। इन क्षेत्रों में कहीं-कहीं बिजली गिरने की भी आशंका है, इसलिए नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

आखिर क्यों बदल रहा है मौसम का मिजाज?

मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी के कारण हवा में आर्द्रता बढ़ी है। इसके साथ ही, स्थानीय स्तर पर बढ़ते तापमान ने हवा के दबाव में बदलाव किया है, जिससे बारिश के बादल बन रहे हैं। यही कारण है कि जहां एक ओर लोग दोपहर की चिलचिलाती धूप से परेशान थे, वहीं अब अचानक बारिश का माहौल बन गया है।

किसानों पर मंडराया संकट, रबी फसलों को नुकसान का डर

यह बेमौसम बारिश किसानों के लिए बड़ी चिंता लेकर आई है। वर्तमान में राज्य के कई हिस्सों में गेहूं, प्याज और रबी फसलों की कटाई का काम जोरों पर है। ऐसे में बेमौसम बारिश और आंधी से गेहूं, प्याज, चना और अंगूर की फसलों को भारी नुकसान पहुंच सकता है। कृषि विभाग ने किसानों से अपील की है कि यदि फसल कट चुकी है, तो उसे सुरक्षित स्थानों पर रखें और मौसम के पूर्वानुमान को ध्यान में रखकर ही खेती से जुड़ा काम करें।

Updated on:
24 Feb 2026 07:41 am
Published on:
24 Feb 2026 07:40 am
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