Mumbai BKC Maratha Reservation Suicide: मनोज जरांगे ने मृतक के परिवार को तत्काल 50 लाख की मदद और सरकारी नौकरी देने की मांग की है।
Sunil Kawale Suicide for Maratha Quota: मराठा आरक्षण की मांग ने चौंकाने वाला मोड़ ले लिया है। मराठा समुदाय के कोटा के लिए मुंबई में 45 वर्षीय सुनील कावले ने व्यस्त सड़क पर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। इस घटना का विक्षुब्ध करने वाला वीडियो भी सामने आया है। जिसमें सुनील का शव बांद्रा कुर्ला कॉम्प्लेक्स (बीकेसी) के एक फ्लाईओवर से झूलता दिख रहा है।
मिली जानकारी के मुताबिक, आधी रात में वेस्टर्न एक्सप्रेस हाईवे पर बीकेसी में एक फ्लाईओवर के खंभे से लटककर सुनील बाबूराव कावले ने अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। उनके बैग से एक सुसाइड नोट मिला है। माना जा रहा है कि जालना के निवासी सुनील ने मराठा समुदाय के आरक्षण के लिए सरकार पर दबाव बनाने के लिए यह चरम कदम उठाया है। हालांकि तमाम मराठा नेताओं ने किसी से ऐसा नहीं करने की अपील की है। यह भी पढ़े-Maratha Andolan: ‘मराठों को आरक्षण दिलाये बिना नहीं मरूंगा’, डेडलाइन खत्म होने पर बोले मनोज जरांगे
मराठा क्रांति मोर्चा से जुड़े विनोद पाटिल ने बताया कि जालना में मराठा आंदोलन में सुनील सक्रिय थे। जहां मराठा आंदोलन के प्रमुख नेता मनोज जरांगे पाटिल की अगुवाई में आंदोलन जारी है।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, कावले मंगलवार देर रात जालना से छत्रपति संभाजीनगर होते हुए मुंबई पहुंचे और बीती रात बांद्रा पूर्व में फ्लाईओवर पर एक स्थान पर गए और खंभे से फांसी लगा ली। घटनास्थल पर पहुंची मुंबई पुलिस की टीम को सुनील कावले के पास एक बैग मिला। साथ ही मोबाइल और एक कथित सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है। जिसमें सुनील ने अपने जीवन को समाप्त करने के फैसले के लिए सभी से माफी मांगी है। वह ड्राइवर के तौर पर नौकरी करते थे।
कावले के शव को पोस्टमार्टम के लिए सायन अस्पताल भेजा गया है। पुलिस ने पीड़ित परिवार को भी खबर दे दी है। इस बीच, मनोज जरांगे ने मांग की कि कावले के परिवार को तत्काल 50 लाख की मदद और सरकारी नौकरी दी जानी चाहिए।