Mumbai Bandra Link Square Mall Fire : आग लगने के बाद से मुंबई फायर ब्रिगेड, NDRF और अन्य एजेंसियां घटनास्थल पर मौजूद है। आग लगने का कारण अभी पता नहीं चल पाया है।
मुंबई के उपनगरीय बांद्रा इलाके में स्थित लिंक स्क्वायर मॉल (Link Square Mall) में मंगलवार तड़के भीषण आग लग गई. बताया जा रहा है कि आग मॉल के भूतल पर स्थित क्रोमा स्टोर के बेसमेंट में सुबह 4 बजे के करीब लगी, जो देखते ही देखते पूरे मॉल में फैल गई। अधिकारियों ने बताया कि आग पर काबू पा लिया गया है, लेकिन कूलिंग अभियान अभी भी जारी है। इस घटना में किसी के हताहत होने की फिलहाल कोई खबर नहीं मिली है।
मुंबई फायर ब्रिगेड के मुताबिक, बांद्रा पश्चिम इलाके में लिंकिंग रोड स्थित तीन मंजिला लिंक स्क्वायर मॉल में मंगलवार तड़के करीब 4.10 बजे आग लगी। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की 12 गाड़ियां और आग बुझाने संबंधी अन्य वाहन मौके पर पहुंचे और आग बुझाने का अभियान शुरू किया गया।
फायर ब्रिगेड ने इस आग को लेवल-4 (गंभीर) की आग घोषित किया है। जिसका अर्थ है कि ऐसी भीषण आग, जिसे बुझाने के लिए बड़े पैमाने पर अग्निशमन अभियान की आवश्यकता होती है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए मुंबई फायर ब्रिगेड ने राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) को भी मौके पर बुलाया। जिसके बाद एनडीआरएफ का एक दल सुबह करीब 8 बजे घटनास्थल पर पहुंचा। आग लगने का कारण अभी पता नहीं चल पाया है। लेकिन प्रारंभिक तौर पर आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है, हालांकि इसकी पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
उधर, पूरे अभियान की निगरानी के लिए खुद मुंबई फायर ब्रिगेड के प्रमुख रवींद्र अंबुलगेकर और अन्य वरिष्ठ अधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे। भीषण आग पर काबू पाने के लिए 'फायर-रोबोट' की भी मदद ली गई।
मुंबई नगर निगम (बीएमसी) के एक अधिकारी ने बताया कि आग शुरू में मॉल के भूतल तक ही सीमित थी लेकिन बाद में यह ऊपरी मंजिलों तक भी फैल गई, जिससे इमारत में धुआं भर गया। इस आग की भयावह तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आए हैं। लिंक स्क्वायर मॉल से निकलता घना काला धुआं कई किमी दूर से दिखाई दे रहा था।
एनसीपी (अजित पवार) नेता जीशान सिद्दीकी ने कहा, "हम सुबह 4 बजे से यहां हैं, मैं साफ शब्दों में कहना चाहता हूं कि ये आग फायर ब्रिगेड की लापरवाही की वजह से इतनी बड़ी हुई। हम और आम नागरिक सुबह 4 बजे से यहां हैं, बेसमेंट में क्रोमा में एक छोटा सा स्पार्क हुआ था, हमने उनसे और पानी लाने का अनुरोध किया लेकिन उनके पास उपकरण नहीं थे, अगर उनके पास उपकरण थे भी तो उनका इस्तेमाल करना उन्हें नहीं आ रहा था... ये बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है... मैं कहता रहा कि ऊपर रेस्टोरेंट और सिलेंडर हैं, लेकिन फायर डिपार्टमेंट की तरफ से मेरी कोई सुनवाई नहीं हुई... आम नागरिक जानता है कि ये फायर ब्रिगेड की लापरवाही है..."