
मुंबई के दादर स्थित शिवाजी पार्क इलाके में बुधवार सुबह शिवसेना संस्थापक बाल ठाकरे की पत्नी और पूर्व सीएम उद्धव ठाकरे की दिवंगत मां मीनाताई ठाकरे की प्रतिमा पर लाल रंग फेंके जाने की घटना से माहौल गरमा गया है। इस घटना से शिवसेना (यूबीटी) के समर्थकों में भारी नाराजगी देखी गई। बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौके पर पहुंचे और पुलिस से आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की।
शिवसेना (यूबीटी) विधायक महेश सावंत ने बताया कि शिकायत डीसीपी को दी गई है और सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि किसी की मंशा माहौल बिगाड़ने की है, लेकिन पार्टी कार्यकर्ताओं को शांत रहने के लिए कहा गया है। खुद शिवसेना (यूबीटी) प्रमुख उद्धव ठाकरे ने कार्यकर्ताओं से संयम रखने की अपील की है।
उद्धव ठाकरे और आदित्य ठाकरे ने खुद घटनास्थल का दौरा कर पुलिस अधिकारियों से बातचीत की। उद्धव ने कहा कि केवल निंदा से काम नहीं चलेगा, असली दोषियों को पकड़ना होगा। उन्होंने आशंका जताई कि यह घटना महाराष्ट्र में अशांति फैलाने की साजिश का हिस्सा हो सकती है।
उद्धव ने कहा, "मुझे लगता है कि इसके पीछे दो तरह के लोग हो सकते हैं। एक तो ऐसे लोग, जिन्हें अपने माता-पिता का नाम लेने में भी शर्म आती है, ऐसे लावारिस व्यक्ति ने किया होगा और जिस तरह से बिहार में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मां का अपमान हुआ और उसके बाद बिहार बंद कराने की असफल कोशिश की गई, ठीक उसी तरह इस पूरे घटनाक्रम के जरिए महाराष्ट्र में कुछ दंगा फसाद कराने की साजिश हो सकती है।"
उन्होंने आगे कहा, "हमारी भावनाएं बेहद तीव्र हैं। हमने सभी से शांत रहने की अपील की है। पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है। पुलिस का कहना है कि वे आरोपियों को ढूंढ निकालेंगे… आगे क्या होता है, देखते है।"
इससे पहले मनसे प्रमुख राज ठाकरे भी घटनास्थल पहुंचे और 24 घंटे के भीतर आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। उन्होंने मौजूद पुलिस अधिकारियों से भी घटना के बारे में जानकारी ली।
शिवसेना (यूबीटी) नेताओं का दावा है कि मूर्ति पर ऑयल पेंट फेंका गया है। यह किसी की सोची-समझी साजिश हो सकती है और इसकी गहराई से जांच होनी है। इस घटना के बाद इलाके में पुलिस की सतर्कता और बढ़ा दी गई है और आरोपियों की तलाश जारी है।