
Illegal Sand Mining: मुंगेली जिले के लोरमी वन परिक्षेत्र में अवैध रेत उत्खनन और परिवहन के खिलाफ कार्रवाई के दौरान वन विभाग की टीम के साथ दुर्व्यवहार का मामला सामने आया है। आरोप है कि रेत से भरी ट्रैक्टर-ट्राली को रोकने पर चालक ने महिला वन अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ अभद्र व्यवहार किया। इतना ही नहीं, उसने कथित तौर पर वाहन को खतरनाक तरीके से चलाते हुए वन अमले को कुचलने की कोशिश भी की।
मामले में वन विभाग ने ट्रैक्टर-ट्राली और रेत जब्त कर वन अपराध का प्रकरण दर्ज किया है। यह कार्रवाई शनिवार को भारतपुर परिसर के कक्ष क्रमांक 556 आरएफ में कन्हैया नाला बांध के समीप की गई। वन विभाग को सूचना मिली थी कि आरक्षित वन क्षेत्र से अवैध रूप से रेत का उत्खनन कर व्यावसायिक लाभ के लिए उसका परिवहन किया जा रहा है।
मुंगेली वनमंडलाधिकारी तन्मय कौशिक के निर्देश पर लोरमी उपवनमंडलाधिकारी दशरथ प्रकाश सूर्यवंशी और वन परिक्षेत्र अधिकारी जुही वर्मा के नेतृत्व में टीम मौके पर पहुंची। जांच के दौरान वन अमले ने रेत से भरी एक ट्रैक्टर-ट्राली को रोका। ट्रैक्टर के साथ दो पहियों वाली नीले रंग की ट्राली जुड़ी हुई थी, जिसमें रेत भरी थी। वन विभाग की टीम ने वाहन चालक से रेत के उत्खनन और परिवहन से संबंधित दस्तावेज मांगे। चालक की पहचान लोरमी थाना क्षेत्र के ग्राम चेचानडीह निवासी रमेश यादव के रूप में बताई गई है। विभाग के अनुसार, चालक दस्तावेजों के संबंध में संतोषजनक जवाब नहीं दे सका।
कार्रवाई के दौरान विवाद की स्थिति बन गई। वन विभाग के मुताबिक, चालक ने महिला वन अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ अभद्र व्यवहार किया और शासकीय कार्य में बाधा डालने का प्रयास किया। आरोप है कि उसने वाहन को खतरनाक तरीके से चलाकर वन अमले को कुचलने की कोशिश भी की। वन विभाग की टीम अवैध रेत परिवहन की जांच कर रही थी। ऐसे में इस तरह की घटना से मौके पर मौजूद अधिकारियों और कर्मचारियों की सुरक्षा का सवाल भी उठता है। हालांकि, घटना से जुड़े आरोपों की पुष्टि संबंधित जांच और उपलब्ध आधिकारिक तथ्यों के आधार पर की जानी होगी।
रेत परिवहन से जुड़े दस्तावेज नहीं मिलने और वन अपराध सामने आने के बाद विभाग ने ट्रैक्टर-ट्राली और उसमें भरी रेत जब्त कर ली। इसके अलावा अवैध उत्खनन में इस्तेमाल किए जाने वाले तीन तसले और दो फावड़े भी जब्त किए गए। जब्त वाहन, रेत और अन्य सामग्री को उच्च तकनीकी केंद्रीय रोपणी, तुलसाघाट तक पहुंचाया गया। वन विभाग ने चालक के विरुद्ध वन अपराध का प्रकरण दर्ज किया है। अब मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
वन विभाग के अनुसार, जब्त वाहन और वन उपज के मामले में राजसात की कार्रवाई का प्रस्ताव भी तैयार किया गया है। इसके लिए प्रकरण कार्यालय के प्राधिकृत अधिकारी एवं लोरमी के उपवनमंडलाधिकारी के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा। आगे की कार्रवाई संबंधित प्रक्रिया और प्रकरण में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर की जाएगी।
कार्रवाई के दौरान वनपाल मनोहर लाल यादव, वनपाल राजेश पाटले, वनरक्षक आशा यादव, शंकर जोशी, ललित बंजारे, प्रदीप ढीमर, सुरक्षा श्रमिक सुरेश यादव और टुकेश्वर राठौर सहित वन विभाग के अन्य कर्मचारी मौजूद रहे। मौके पर पुलिस विभाग के अधिकारी और कर्मचारी भी उपस्थित थे। आरक्षित वन क्षेत्र में अवैध रेत उत्खनन और परिवहन पर रोक लगाने के लिए विभाग की कार्रवाई के बीच सामने आया यह मामला वन अमले की सुरक्षा और प्राकृतिक संसाधनों के अवैध दोहन पर नियंत्रण की जरूरत को भी रेखांकित करता है।