20 दिसंबर 2019 को नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ हुआ था विरोध-प्रदर्शन प्रदर्शन को रोकने के लिए धारा 144 लगाने क बाद यूपी के कई जिलों में हुई थी हिंसाPFI पर हिंसक प्रदर्शन के लिए फंडिंग करने का है आरोप
मुजफ्फरनगर. थाना नगर कोतवाली पुलिस को मुखबिर की सूचना पर बड़ी सफलता हाथ लगी है। इस सूचना के आधार पर रविवार की देर रात पुलिस ने जनपद में हिंसा भड़काने के चार आरोपियों को धर दबोचा गिरफ्तार किए गए चारों आरोपी पीएफआई के सदस्य बताए जा रहे हैं। पुलिस ने इन के कब्जे से भारी मात्रा में भड़काऊ पर्चे बरामद करने का दावा किया है।
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दरअसल, सीएए के खिलाफ प्रदर्शन के बाद पिछले काफी समय से उत्तर प्रदेश में पीएफआई के सदस्यों के सक्रिय होने के इनपुट मिल रहे थे। इसी बीच 20 दिसंबर 2019 को नागरिकता संशोधन बिल का विरोध प्रदर्शन किया गया था, जिसमें पीएफआई के सदस्यों की संलिप्तता पाई गई थी, जिसके चलते लगातार पुलिस पीएफआई के सदस्यों को गिरफ्तार करने के लिए टीम गठित कर कार्रवाई कर रही है। इसी बीच रविवार देर रात थाना नगर कोतवाली पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि कुछ संदिग्ध लोग थाना क्षेत्र के बुढाना मोड की ओर देखे गए। इसके बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
पूछताछ के दौरान पकड़े गए आरोपियों ने अपने नाम फरमान, नफीस , मुरसलीन , मोहम्मद इकबाल बताए गए हैं। जनपद मुजफ्फरनगर में नागरिकता संशोधन बिल के विरोध में 20 दिसंबर 2019 को हिंसा आगजनी और तोड़फोड़ के मामलों में इन्हें 120b का आरोपी बनाया है। पुलिस पूरे मामले की बारीकी से छानबीन कर रही है। चारों आरोपियों को पुलिस ने कोर्ट में पेश किया तो कोर्ट ने उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया।