बेनीवाल ने कहा - जनता की चुनी सरकार बहुमत के नशे में चूर, खोखले वादों से कर रही जनता को गुमराह करने का प्रयास
नागौर. बाड़मेर जिला मुख्यालय पर आगामी 7 जनवरी को प्रस्तावित किसान हुंकार रैली पार्ट-2 को ऐतिहासिक बनाने के लिए खींवसर विधायक हनुमान बेनीवाल एवं उनके समर्थकों ने जान फूंक दी है। रैली को सफल बनाने के लिए विधायक बेनीवाल जनसम्पर्क में जितनी मेहनत कर रहे हैं, उतना ही उन्हें बाड़मेर व जैसलमेर की जनता का समर्थन मिल रहा है। विधायक बेनीवाल का काफिला जिधर से गुजरता है, लोग उनकी एक झलक पाने के लिए खड़े हो जाते हैं।
रविवार को जनसम्पर्क करने निकले बेनीवाल ने नुक्कड़ सभाओं को संबोधित करते हुए कहा कि 36 कौम का शोषित व्यक्ति वर्तमान शासन व्यवस्था से परेशान है और विपक्ष में बैठा दल भी चुप बैठा है, ऐसे में प्रदेश की जनता आक्रोशित है। इसलिए उन्हें अपने अधिकारों की रक्षा के लिए एक मंच पर आना होगा। खींवसर विधायक हनुमान बेनीवाल ने बाड़मेर जिले के विभिन्न स्थानों पर आयोजित सभाओं में कहा कि 7 जनवरी को बाड़मेर की धरा से जब प्रदेश भर के युवा और किसान एक स्वर में लाखों की तादाद में हुंकार भरेंगे तो दिल्ली तक के शासन को चेतना आ जाएगी। विधायक ने अपने संबोधन में कहा कि जब देश आज़ाद नहीं हुआ तो भगत सिंह जैसे महान क्रांतिकारियों ने देश में आज़ादी के लिए जागृति पैदा करने के लिए खुद का बलिदान दिया और आजादी के 70 वर्षों बाद जब चुनी हुई सरकार अंग्रेज़ों के बनाए क़ानूनों पर चल रही है तो हमें लोकतंत्र में दिए गए अधिकारों का प्रयोग करके शासन को सबक सीखने की ज़रूरत है। बेनीवाल ने कहा की सरकार की ग़लत नीतियों की वजह से इस शासन में कई बार प्रदेश के गौरव व स्वाभिमान को चोट पहुंची और सरकार की प्रभावी नीति के अभाव के कोई भी योजना धरातल पर सही से क्रियान्वयन नहीं हो सका।
विधायक ने शहीद को किया नमन
खींवसर विधायक बेनीवाल ने अपने दौरे में शौर्य चक्र विजेता शहीद धर्माराम के पैतृक गांव पहुंचकर शहीद को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने शहीद की मूर्ति पर माला पहनाकर शहीद के परिजनों से आशीर्वाद लिया। इस अवसर पर बेनीवाल ने उपस्थित जन समूह को संबोधित करते हुए कहा कि शौर्य चक्र विजेता शहीद की मूर्ति अनावरण के शिलालेख पर खुद का नाम लिखवाकर कार्यक्रम में आने से मुकर जाना दुर्भाग्यपूर्ण है। बेनीवाल ने कहा कि शहीद सैनिक राष्ट्र का गौरव है, ऐसे मे मुख्यमंत्री का मूर्ति अनावरण के शिलालेख में नाम लिखवाकर कार्यक्रम में नहीं आना उनके घमण्ड को दर्शाता है और उनकी सामन्तवादी सोच को दर्शाता है। इसलिए हमें ऐसे घमण्ड में चूर नेताओं को भी सबक सीखाना है और वसुंधरा राजे को परमानेंट लंदन भेजना है।
बेनीवाल ने अपने दौरे की शुरुआत निंबडी माता के मंदिर व तारातरा मठ में दर्शन करके की। उसके बाद पन्नोनियों का तला, शहीद धर्माराम की मूर्ति पर माल्यार्पण कार्यक्रम लीलसर, ईसरोल, नेतराड़, नेहरों की नाड़ी, नवातला राठोडान, भूणिया, बामणोर आदि स्थानों पर नुक्कड़ सभाएं कर अधिक से अधिक लोगों को किसान हुंकार रैली में भाग लेने का आह्वान किया।
सोमवार को यहां रहेंगे दौरे पर
विधायक हनुमान बेनीवाल 1 जनवरी को बाड़मेर जिले के कवास, छीतर का पार, भीमड़ा, झाख, मौखाब, रामदेव अवतार दर्शन, काश्मीर, रतेऊ, शहर, खिप सर, बाटा डू आदि स्थानों के दौरे पर रहेंगे।