
नागौर। मूण्डवा उपखण्ड मुख्यालय को साढ़े पांच महीने के इंतजार के बाद मंगलवार सुबह नए पुलिस उप अधीक्षक विनोद कुमार नैण ने मूण्डवा पहुंचकर पदभार संभाला, लेकिन दिन ढलते-ढलते उनकी नई पोस्टिंग का आदेश आ गया। शाम को तबादला जारी सूची में उन्हें बांसवाड़ा जिले के कुशलगढ़ डिप्टी के पद पर भेज दिया गया। यानी मूण्डवा ज्वाइनिंग में के करीब एक दिन बाद ही उन्हें रिलीव होना पड़ा। बुधवार को नैण मूण्डवा से रिलीव हो गए। उनकी जगह व्यवस्थार्थ जिम्मेदारी संभाल रहे धरमचंद को मूण्डवा डिप्टी लगाया गया है।
नैंण 2024 बैच के आरपीएस अधिकारी हैं और प्रशिक्षण के बाद यह उनकी पहली नियुक्ति थी। इससे पहले वे नागौर जिला मुख्यालय पर उप अधीक्षक साइबर क्राइम के पद पर कार्यरत रहे। उनकी नियुक्ति से पहले मूण्डवा डिप्टी का पद करीब साढ़े पांच महीने से रिक्त था। इस दौरान कभी प्रशिक्षु आरपीएस तो कभी अतिरिक्त प्रभार वाले अधिकारियों से काम चलाया जा रहा था। ऐसे में स्थायी अधिकारी की नियुक्ति के बाद व्यवस्था पटरी पर आने की उम्मीद जगी थी, लेकिन महज एक दिन में ही तस्वीर बदल गई।
प्रशासनिक फेरबदल में भी मूण्डवा खासा चर्चित रहा। तीन बार निकली तबादला सूचियों के बाद आखिरकार रजत ने बुधवार को मूण्डवा उपखंड अधिकारी का पद संभाला। इससे पहले एसडीएम प्रभजोत सिंह गिल का खाजूवाला तबादला हुआ था। पहली सूची में पंकज कुमार को मूण्डवा एसडीएम लगाने के आदेश हुए, जबकि वे जोधपुर दक्षिण में पदस्थ थे। इसके बाद दूसरी सूची में सीता शर्मा को नाचना से मूण्डवा एसडीएम लगाया गया। तीसरी सूची में फिर बदलाव करते हुए करौली के हिंडौन से रजत को मूण्डवा एसडीएम बनाया गया। रजत पहले जायल एसडीएम भी रह चुके हैं। वहीं सीता शर्मा को अब नागौर सहायक कलक्टर की जिम्मेदारी दी गई है।
मूण्डवा डिस्कॉम के सहायक अभियंता का तबादला भी चर्चा में रहा। पहले उन्हें एपीओ किया गया और अब दोबारा मूण्डवा में ही पदस्थापित कर दिया गया है। लगातार बदलते आदेशों के बीच मूण्डवा में प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों की पोस्टिंग फिलहाल चर्चा का विषय बनी हुई है।