
नागौर. ‘वर्षों बाद यूनिफॉर्म पहनकर अपने आप को गौरवांवित महसूस कर रहे हैं। पहली बार लग रहा है कि शिक्षकों की पहचान के लिए ड्रेस कोड कितना महत्वपूर्ण है। शिक्षकों के ड्रेस कोड से न केवल बच्चों में एक अच्छा संदेश जाएगा, बल्कि शिक्षकों में भी अनुशासन व यूनिटी की भावना आएगी।’ इस प्रकार के कमेंट सोमवार को नागौर पंचायत समिति की रोहिणी ग्राम पंचायत मुख्यालय के राजकीय आदर्श उच्च माध्यमिक विद्यालय में शिक्षकों के मुंह से सुनने को मिले। प्रधानाचार्य रामअवतार चिनिया ने बताया कि जुलाई में लिए गए संकल्प के तहत विद्यालय ही नहीं पीईईओ क्षेत्र के सभी शिक्षकों एवं शिक्षिकाओं ने सोमवार को ड्रेस कोड अपनाकर बदलाव के संकेत दिए हैं। प्रधानाचार्य चिनिया ने बताया कि विद्यालय का रंग-रोगन करने के लिए भी एसडीएमसी सदस्यों से चर्चा कर ली है, 15 अगस्त तक काम शुरू करवा दिया जाएगा। डिजिटल क्लास रूम का काम भी अंतिम चरण में है, जहां जल्द ही छोटे बच्चों को डिजिटल तरीके से पढ़ाया जाएगा। इस मौके पर एसडीएमसी सदस्य व समाजसेवी प्रेमरतन शर्मा ने कहा कि राजस्थान पत्रिका एवं जिला प्रशासन की ओर से सरकारी स्कूलों की छवि एवं शिक्षा का स्तर सुधारने के लिए नींव अभियान के तहत जिले में चलाई गई ‘हर स्कूल-मॉडल स्कूल मुहिम’प्रशंसनीय कदम है। इससे सरकारी स्कूलों में बहुत अच्छा संदेश जा रहा है।
15 अगस्त तक गणवेश में आएं
जिला कलक्टर कुमारपाल गौतम ने सोमवार को साप्ताहिक समीक्षा बैठक में शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे यह सुनिश्चित कर लें कि 15 अगस्त तक सभी शिक्षक निर्धारित गणवेश में स्कूल आएं। उन्होंने कहा कि सभी विद्यार्थियों को नि:शुल्क पाठ्य पुस्तकें मिल गई हैं, यह भी सुनिश्चित कर लें। साथ ही अधिकारी समय-समय पर स्कूलों के निरीक्षण के दौरान मिड डे मिल के तहत दिए जाने वाले भोजन की गुणवत्ता की जांच करें। बैठक में अतिरिक्त जिला कलक्टर नागौर ब्रजेश कुमार चंदोलिया, जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी रामनिवास जाट, भारतीय प्रशासनिक सेवा के (प्रशिक्षु) अधिकारी अवधेश मीणा सहित पानी, बिजली, चिकित्सा, शिक्षा, वन, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।
इन स्कूलों के शिक्षकों ने अपनाया ड्रेस कोड
रोहिणी के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय सहित पीईईओ क्षेत्र के राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय संख्या 2 बीरमसर, राजकीय प्राथमिक विद्यालय संख्या एक बीरमसर, राजकीय प्राथमिक विद्यालय तीन तलाई, राजकीय प्राथमिक विद्यालय मेघवालों की ढाणियां, राजकीय प्राथमिक विद्यालय कांकरिया की ढाणियां, राजकीय प्राथमिक विद्यालय तोलान नाडी, राजकीय प्राथमिक विद्यालय पांडरिया नाडा एवं शिक्षा कर्मी स्कूल पूनियों की ढाणियां के कुल 44 शिक्षकों ने ड्रेस कोड अपनाते हुए राजस्थान पत्रिका के हर स्कूल-मॉडल स्कूल अभियान के तहत बदलाव के दस बिन्दुओं की पालना का संकल्प लिया।