
जायल (Nagaur). जायल पुलिस ने शनिवार को 20 लाख की लूट का राजफाश करते हुए एक नाबालिग सहित चार आरोपितों को गिरफ्तार कर लूट की राशि के 2 लाख बरामद किए हैं। जायल वृत्ताधिकारी दिनेशसिंह रोहडिय़ा ने बताया कि उच्च अधिकारियों के निर्देशन में पुलिस थाना जायल के साइबर एक्सपर्ट कांस्टेबल ओमप्रकाश, कमलकिशोर, वृत्त कार्यालय के कांस्टेबल धर्माराम, डीसीआरबी नागौर के प्रहलादराम, एसपीओ नागौर के श्यामसुन्दर व लक्ष्मीनारायण की टीम ने मुखबिर की सूचना, संदिग्धों की कॉल डिटेल का गहनता से अन्वेषण कर लूट की वारदात में शामिल गंगानगर के रामसिंहपुर थाना क्षेत्र के गोमावाली निवासी पवनकुमार (22) पुत्र प्रकाशराम जाट, खुनखुना थाना क्षेत्र के कोडिया निवासी जगदीश (20) पुत्र रेखाराम जाट, रामचंद्र (23) पुत्र भंवरलाल जाट सहित एक नाबालिग को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपितों से पूछताछ के बाद नाबालिग की निशानेदेही पर बैंक की लूटी हुई खाली लोहे की पेटी मय ताला व गिरफ्तार आरोपित जगदीश व रामचन्द्र से लूटी गई रकम में से उनके हिस्से के एक-एक लाख रुपए बरामद किए गए।
यह हैं लूट के मुख्य सूत्रधार
पुलिस के अनुसार आरोपितों से पूछताछ व अनुसंधान के बाद सामने आया कि लूट की वारदात को कठौती निवासी हाल बड़ी खाटू के फिरोजपुरा में रहने वाला नरेश बेड़ा उर्फ गुड्डू उर्फ भाणू (22) पुत्र प्रहलादराम जाट, कठौती निवासी विक्रम उर्फ विक्की (21) पुत्र संग्रामसिंह जाट, पवनकुमार एवं कठौती निवासी राजू उर्फ मंत्री पुत्र गोपालराम जाट ने अन्य मददगारों की सहायता से पूरी रैकी करके गत 22 नवम्बर को लूट की घटना को अंजाम दिया था।
यह है घटनाक्रम
थानाधिकारी रामपाल ने बताया कि गत 22 नवम्बर को कठौती एसबीआई बैंक शाखा का कैशियर पुष्पेन्द्रसिंह सुबह साढ़े 10 बजे जायल चेस्ट बैंक शाखा से 20 लाख रुपए लेकर किराए की गाड़ी से कठौती के लिए रवाना हुआ। जायल-कठौती रोड पर सूनसान सड़क मार्ग देखकर पीछे से आई सफेद रंग की बिना नम्बरी बोलेरो केम्पर गाड़ी ने बैंक कैशियर की गाड़ी के पीछे टक्कर मारकर गाड़ी को दुर्घटनाग्रस्त कर पिस्तौलनुमा हथियार दिखाकर लूट की घटना को अंजाम दिया था।
रंग लाई पुलिस की मेहनत
जायल-कठौती रोड पर बैंक कैशियर के साथ लूट की वारदात को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक परिस देशमुख ने जिलेभर में नाकाबंदी करवा दी। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राजकुमार चौधरी भी तुरन्त मौके पर पहुंच गए। वृत्ताधिकारी दिनेशसिंह रोहडिय़ा, थानाधिकारी रामपाल, बड़ीखाटू थानाधिकारी राजपालसिंह के नेतृत्व में पूरी टीम आरोपितों की धरपकड़ में जुट गई। इस दौरान सहायक थानाधिकारी रामस्वरूप बिशेई, हैड कांस्टेबल पुरबाराम, कांस्टेबल लालाराम, राजेन्द्र, बजरंगलाल, रामेश्वरलाल, शोभाराम, महेशकुमार, रामरतन, कम्प्यूटर ऑपरेटर ओमप्रकाश, कमलकिशोर, धर्माराम की अलग-अलग टीमों ने लूटेरों का पता लगाकर वारदात का पर्दाफाश किया।