
Nagda news: एमपी के नागदा शहर से 6 किमी. दूर स्थित गांव गिदगढ़ में एक ही घर के दो चिराग हमेशा के लिए चले गए। दो भाइयों की मौत की खबर से पूरे गांव में मातम पसरा है। बता दे कि बकरी चराने गए चचेरे भाइयों की नहाने के दौरान खाल में डूबने से दर्दनाक मौत हो गई। दोनों की उम्र 14 वर्ष थी। दोनों समीप स्थित गांव निपानिया में कक्षा 8वीं में पढ़ते थे। देर शाम दोनों मासूम बच्चों को अंतिम संस्कार हुआ। घटना के बाद गांव में सन्नाटा पसर गया है।
जानकारी के मुताबिक सुरेश पिता जगदीश गुर्जर और धारा सिंह पिता कुंवर जी गुर्जर दोनों चचेरे भाई थे। दोपहर 3 बजे करीब धारा सिंह अपने छोटे भाई और चचेरे भाई सुरेश के साथ बकरी चराने गए थे। तीनों गांव की सीमा से लगे माताजी की राड़ी के पास पहुंच गए। यहां बारिश से खाल में पानी भरा हुआ था। धारा सिंह ने अपने छोटे भाई को बकरियों की देखभाल करने के लिए वहीं छोड़ दिया और स्वयं अपने चचेरे भाई सुरेश के साथ खाल में नहाने उतर गया।
नहाते-नहाते दोनों गहरे पानी में चले गए और बाहर नहीं निकल सके। दोनों पानी में डूबने लगे। जिस पर घबराया छोटा भाई दौड़कर गांव पहुंचा और परिजनों को सूचना दी। सूचना मिलते ही ग्रामीण और परिजन मौके पर पहुंचे और काफी मशक्कत के बाद दोनों बच्चों को पानी से बाहर निकाला। उन्हें तत्काल लेकर शासकीय अस्पताल पहुंचे। जहां चिकित्सक ने जांच के बाद दोनों को मृत घोषित कर दिया।
हादसे की खबर फैलते ही अस्पताल और गांव में बड़ी संख्या में लोग जुट गए। मासूम बच्चों की एक साथ हुई मौत से गांव में मातम छा गया। देर शाम पोस्टमार्टम के बाद दोनों का अंतिम संस्कार किया गया। पुलिस ने मामले में मर्ग कायम किया है। है। बारिश के मौसम में जलभराव वाले स्थानों पर बच्चों के जाने को लेकर ग्रामीणों ने चिंता जताई है क्योंकि गांव के आसपास कई गहरे गड्ढे है, जिसमें बारिश का पानी एकत्रित हो चुका है।
हादसे के बाद से परिवार को रो-रोकर बुरा हाल हैष मृतक सुरेश अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था, उसकी दो बहनें हैं। दोनों बच्चों के पिता सगे भाई हैं, जिससे पूरे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। इस हादसे की जानकारी खबर मिलते ही विधायक डॉ. तेजबहादुर सिंह चौहान और पूर्व विधायक दिलीप सिंह गुर्जर अस्पताल पहुंचे और परिवार को ढांढस बंधाया। इसके बाद विधायक डॉ. चौहान ने मामले को लेकर उज्जैन कलेक्टर से फोन पर बात की।
जिसके बाद पीड़ित परिवार को जल्द आर्थिक मदद देने को कहा। नायब तहसीलदार सुभाष सुनेरे ने बताया कि कलेक्टर के निर्देश पर दोनों बच्चों के परिवारों के लिए चार-चार लाख रुपए की सहायता राशि मंजूर करने की फाइल तैयार की जा रही है। जल्द ही यह राशि परिवार को मिल जाएगी।