Obesity In India: भारत में मोटापे की समस्या तेज़ी से फैल रही है। देश में करोड़ों बच्चे मोटापे का शिकार हैं।
भारत (India) के बच्चों में मोटापे (Obesity) की समस्या तेज़ी से बढ़ रही है। वर्ल्ड ओबेसिटी फेडरेशन की नई रिपोर्ट के अनुसार बच्चों के मोटापे के मामले में भारत दुनिया में दूसरे स्थान पर है। इस रिपोर्ट के अनुसार चेतावनी दी गई है कि दुनिया आने वाले कुछ साल में बचपन में मोटापे की बढ़ती दर को रोकने के वैश्विक लक्ष्य को हासिल नहीं कर पाएगी। भारत भी इस लक्ष्य से पीछे चल रहा है, इसकी समयसीमा अब बढ़ाकर साल 2030 तक कर दी गई है।
रिपोर्ट के अनुसार 2025 में भारत में 5 से 9 साल के करीब 1.49 करोड़ बच्चे और 10 से 19 साल के 2.64 करोड़ बच्चे मोटापे से प्रभावित थे। कुल मिलाकर 5 से 19 वर्ष की आयु के लगभग 4.1 करोड़ बच्चे ऐसे हैं जिनका बॉडी मास इंडेक्स (बीएमआई) काफी ज़्यादा है। इस मामले में भारत दुनिया में दूसरे स्थान पर है। रिपोर्ट में भारत से आगे चीन (China) पहले स्थान पर है।
रिपोर्ट के अनुसार अगर बच्चों में मोटापे और ज़्यादा बीएमआई को कंट्रोल में नहीं किया गया, तो इससे जुड़ी बीमारियों के मामले तेज़ी से बढ़ सकते हैं। इनमें हाई बीपी, हाइपरग्लाईसीमिया, हाई ट्राईग्लिसराइड, फैटी लिवर जैसी बीमारियाँ शामिल हैं, जिनके मामले तेज़ी से बढ़ सकते हैं।
दुनियाभर में 5 से 19 साल के हर 5 में से एक बच्चा अब ज़्यादा वजन या मोटापे से प्रभावित है। 2010 में यह संख्या 14.6% थी, जो अब काफी बढ़ चुकी है। अनुमान है कि 2040 तक दुनियाभर में करीब 50.7 करोड़ बच्चे ज़्यादा वजन या मोटापे से प्रभावित हो सकते हैं। भारत में भी स्थिति चिंताजनक है।