
Balochistan News: पाकिस्तान के खिलाफ बलूचिस्तान का विरोध प्रदर्शन तेज होता जा रहा है। बलूच नेशनल मूवमेंट (BNM) ने जेनेवा में संयुक्त राष्ट्र के कार्यालय के पास विरोध किया। BNM ने पाकिस्तान पर हजारों लोगों को गायब करने, गैर कानूनी रूप से हत्याएं करने और मानवाधिकार उल्लंघन के आरोप लगाएं हैं। संयुक्त राष्ट्र कार्यालय के पास हुए इस प्रदर्शन में BNM ने UN से बलूचिस्तान समेत सिंध, खैबर पख्तूनख्वा और कश्मीर में जांच के लिए स्वतंत्र फैक्ट-फाइंडिंग मिशन भेजने की मांग की।
इस प्रदर्शन में बलूचिस्तान, सिंध, पश्तून समुदाय, पाकिस्तान अधिकृत गिलगित-बाल्टिस्तान (PoGB) और पाकिस्तान अधिकृत जम्मू-कश्मीर (PoJK) के प्रतिनिधि शामिल हुए। BNM के चेयरमैन डॉ. नसीम बलूच, विदेश सचिव फहीम बलूच, केंद्रीय जूनियर संयुक्त सचिव हसन दोस्त बलूच, विदेश विभाग के फोकल पर्सन हकीम बलूच, 'वॉयस फॉर मिसिंग पर्सन्स ऑफ सिंध' के सारंग हैदर, मानवाधिकार कार्यकर्ता नूर मरियम कंवर और 'वर्ल्ड सिंधी कांग्रेस' के कामरान जतोई शामिल थे। BNM के वक्ताओं ने कहा कि जबरन गायब किए गए लोगों के परिवार लंबे समय से अपने परिजनों की जानकारी का इंतजार कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि कई परिवारों में मां, पिता और भाई-बहन इस अनिश्चितता का सामना कर रहे हैं।
प्रदर्न के दौरान BNM के चैयरमैन ने कहा कि बलूचिस्तान में हजारों लोगों को जबरन गायब किया गया और गैर-कानूनी हत्याएं की गई हैं। BNM ने दावा किया कि सिर्फ सिंध में ही 3,500 से ज्यादा लोगों का अपहरण हुआ है और 100 से ज्यादा लोगों की गैर कानूनी रूप से हत्या हुई है। इसलिए BNM ने संयुक्त राष्ट्र से बलूचिस्तान, सिंध, खैबर पख्तूनख्वा, कश्मीर और सराइकी वसेब में स्वतंत्र फैक्ट-फाइंडिंग मिशन भेजने की मांग की है।
प्रदर्शन में सामाजिक कार्यकर्ता सबीन महमूद के मामले का भी जिक्र हुआ। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि जबरन गायब किए गए लोगों के परिवारों से जुड़े एक कार्यक्रम के बाद उनकी हत्या कर दी गई थी। वक्ताओं ने आरोप लगाया कि जबरन गायब किए गए लोगों के परिवारों की पैरवी करने वाले वकीलों को भी दबाव और परेशानियों का सामना करना पड़ा। उन्होंने वकील ईमान मजारी और हादी चट्ठा का जिक्र करते हुए दावा किया कि बलूच और पश्तून परिवारों की पैरवी करने के कारण उन्हें निशाना बनाया गया। प्रदर्शन के अंत में BNM ने UN से इन मामलों में सार्थक कार्रवाई करने की अपील की।