PM Modi Congratulates Tariq Rahman: पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा, “मैं तारिक रहमान को बांग्लादेश में संसदीय चुनावों में बीएनपी की निर्णायक जीत के लिए हार्दिक बधाई देता हूं। यह जीत बांग्लादेश की जनता के आपके नेतृत्व पर विश्वास को दर्शाती है।”
Bangladesh Election 2026: बांग्लादेश में हुए आम चुनावों में बड़ी जीत दर्ज करने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बीएनपी नेता तारिक रहमान को बधाई दी है। पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा- मैं तारिक रहमान को बांग्लादेश में संसदीय चुनावों में बीएनपी की निर्णायक जीत के लिए हार्दिक बधाई देता हूं। यह जीत बांग्लादेश की जनता के आपके नेतृत्व पर विश्वास को दर्शाती है।
उन्होंने आगे कहा कि भारत एक लोकतांत्रिक, प्रगतिशील और समावेशी बांग्लादेश के समर्थन में खड़ा रहेगा। मैं हमारे बहुआयामी संबंधों को और मजबूत करने तथा साझा विकास लक्ष्यों को आगे बढ़ाने के लिए आपके साथ काम करने की अपेक्षा करता हूं।
गौरतलब है कि बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) के नेतृत्व में तारिक रहमान ने यह जीत उस चुनाव में हासिल की है, जो 2024 के छात्र आंदोलन के बाद पहली बार आयोजित हुआ। इसी आंदोलन में शेख की सरकार सत्ता से बाहर हो गई थी।
बता दें कि इससे पहले पड़ोसी देश में हुए आम चुनावों को लेकर विदेश मंत्रालय की ओर से प्रतिक्रिया सामने आई थी। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा था कि वह पड़ोसी देश में जारी चुनाव प्रक्रिया के नतीजों और जनादेश का इंतजार करेगा, उसके बाद ही आगे के मुद्दों पर रुख तय किया जाएगा।
उन्होंने आगे कहा, “हम बांग्लादेश में स्वतंत्र, निष्पक्ष, समावेशी और विश्वसनीय चुनाव के पक्षधर हैं। चुनाव का परिणाम आने दीजिए, उसके बाद जो भी मुद्दे होंगे, उन पर हम विचार करेंगे।”
बता दें कि बांग्लादेश की पूर्व पीएम और तारिक रहमान की मां खालिदा जिया के अंतिम संस्कार में विदेश मंत्री जयशंकर शामिल हुए थे। उन्होंने वहां जाकर शोक व्यक्त किया और पीएम मोदी का व्यक्तिगत पत्र रहमान को सौंपा। यह कार्यक्रम 31 दिसंबर 2025 को आयोजित हुआ, जब खालिदा जिया को उनके पति और पूर्व राष्ट्रपति जियाउर रहमान के बगल में सुपुर्द-ए-खाक (दफनाया) किया गया। कई देशों के प्रतिनिधि भी अंतिम संस्कार में मौजूद रहे।
खालिदा जिया बांग्लादेश की तीन बार पीएम रहीं थीं। उनके कार्यकाल के दौरान भारत के साथ रिश्ते कुछ खास अच्छे नहीं थे। खालिदा ने चीन और पाकिस्तान को ज्यादा महत्व दिया। उन्होंने 1972 की भारत-बांग्लादेश मैत्री संधि को गुलामी की संधि करार दिया था। साथ ही उनके कार्यकाल के दौरान सीमा पर भी तनाव देखा गया।
बता दें कि शेख हसीना की सरकार गिरने के बाद बांग्लादेश में लगातार अल्पसंख्यकों पर हमले की खबरें सामने आ रही है। चुनाव से पहले कई हिंदुओं युवकों की हत्या कर दी गई, जिससे भारत के साथ पड़ोसी देश के रिश्ते अच्छे नहीं है।
हालांकि चुनाव से पहले बीएनपी नेता तारिक रहमान ने कहा था कि वह सभी देशों के साथ मित्रतापूर्वक बनाएंगे। वहीं अब देखना होगा कि तारिक रहमान के भारत के साथ कैसे रिश्ते रहते हैं।