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‘भारतीय शांति पसंद करते हैं, सड़कों पर तोड़फोड़ नहीं करते’, यूरोप में प्रदर्शनों के बीच बर्लिन में बोले पीयूष गोयल

Piyush Goyal on Indian diaspora: केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने भारतीय समुदाय को शांतिप्रिय बताया। उन्होंने कहा कि भारतीय लोग कोई अशांति नहीं फैलाते और अपने परिवारों का अच्छे से ख्याल रखते हैं। उनकी यह बयान फ्रांस और इटली सहित यूरोप के कई हिस्सों में चल रहे विरोध प्रदर्शनों के बीच आया है।
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Updated: 26 Oct 2026, 11:27 AM IST
Piyush Goyal
केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल (फ़ोटो- X@piyushgoyal)

Piyush Goyal in Berlin: केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने जर्मनी की राजधानी बर्लिन में भारतीय समुदाय को संबोधित करते हुए प्रवासी भारतीयों की जमकर तारीफ की। उन्होंने भारतीय समुदाय को स्वभाव से शांतिप्रिय बताया और कहा कि भारतीय नागरिक कभी भी तोड़फोड़ करने या अशांति फैलाने के लिए सड़कों पर नहीं उतरते। केंद्रीय मंत्री का यह बयान ऐसे समय में आया है जब फ्रांस और इटली सहित कई यूरोपीय देश हिंसक विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं।

तोड़फोड़ नहीं करते भारतीय- पियूष गोयल

पीयूष गोयल ने कहा कि जर्मनी और पूरी दुनिया में भारतीयों का हमेशा स्वागत किया जाता है और उन्हें बहुत सम्मान दिया जाता है। मेजबान देशों को अच्छी तरह पता है कि भारतीय कभी भी तोड़फोड़ जैसी गतिविधियों में शामिल नहीं होते और न ही वे कानून-व्यवस्था की समस्या पैदा करने के लिए सड़कों पर उतरते हैं, जैसा कि हाल के दिनों में यूरोप के कई हिस्सों में देखने को मिली हैं। उन्होंने कहा कि दुनिया जानती है कि भारतीय अपने परिवारों के साथ शांति से रहते हैं और समाज की बेहतरी में योगदान देते हैं, हालांकि उन्होंने यह भी माना कि कभी-कभार कुछ अपवाद हो सकते हैं जो नियंत्रण से बाहर हों।

भारतीय युवाओं के कौशल विकास में सहयोग की अपील

द्विपक्षीय व्यापार, निवेश और औद्योगिक सहयोग को बढ़ावा देने के लिए जर्मनी की तीन दिवसीय यात्रा पर पहुंचे पियूष गोयल ने प्रवासी भारतीयों से अपने देश की प्रगति में सक्रिय भूमिका निभाने का आग्रह किया। उन्होंने सुझाव दिया कि विदेशों में रह रहे कुशल और पेशेवर भारतीय अपने अनुभवों को साझा कर सकते हैं, जिससे भारत के युवाओं को लाभ मिल सके।

पीयूष गोयल ने कहा कि प्रवासी भारतीय एक ब्रिज का काम कर सकते हैं, जो मेंटरशिप, डिजिटल प्रशिक्षण और करियर मार्गदर्शन कार्यक्रमों के जरिए भारत के बच्चों और युवाओं के लिए नए अवसरों के द्वार खोल सकते हैं।

यूरोप में हिंसक विरोध प्रदर्शन

पीयूष गोयल का यह बयान ऐसे समय में आया है जब यूरोप के कई प्रमुख शहरों में अशांति का माहौल है। फ्रांस में,छात्र, युवा और मजदूर संगठन महंगाई, कम वेतन और सार्वजनिक सेवाओं में कटौती के खिलाफ सड़कों पर उतर आए हैं। जिसे नियंत्रित करने के लिए फ्रांस की सरकार ने लगभग 70000 पुलिसकर्मियों को तैनात किया है। हिंसक झड़पों में 50 से अधिक सुरक्षाकर्मी घायल हुए हैं और 1,300 से अधिक प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार किया गया है।

वहीं, इटली में भी रोम, ट्यूरिन और बोलोग्ना जैसे शहरों में युद्ध और महंगाई के खिलाफ बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हुए हैं, जहां पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच हिंसक झड़पों की खबरें हैं।

Updated on:
26 Oct 2026, 11:27 AM IST
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