BJP National President : 20 जनवरी को भाजपा के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष के लिए चुनाव होंगे और इसी दिन नए अध्यक्ष के नाम की घोषणा की जाएगी। फिलहाल नितिन नबीन पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष है और उन्हें ही पार्टी निर्विरोध राष्ट्रीय अध्यक्ष चुन सकती है।
BJP National President: लंबे समय बाद अब आखिरकार भारतीय जनता पार्टी को अपना नया राष्ट्रीय अध्यक्ष मिलने जा रहा है। राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव के लिए पार्टी ने नोटिफिकेशन भी जारी कर दिया है। इसके अनुसार 19 जनवरी को इसके लिए नामांकन भरे जाएंगे। इसके अगले दिन 20 जनवरी को बीजेपी के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष की घोषणा हो जाएगी। फिलहाल नितिन नबीन पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष हैं और उन्हीं के पार्टी का नए अध्यक्ष बनने की बात कही जा रही है।
2020 में जेपी नड्डा को बीजेपी का राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाया गया था जिसके बाद से लंबे समय तक उन्होंने यह पद संभाला। 2024 में नड्डा का कार्यकाल खत्म हुआ और उसके बाद 14 दिसंबर को नबीन को पार्टी का कार्यकारी अध्यक्ष घोषित किया गया। अब जल्द ही स्थायी पार्टी अध्यक्ष के लिए चुनाव होंगे जिसके बाद पार्टी को नया राष्ट्रीय अध्यक्ष मिल जाएगा। बीजेपी के राष्ट्रीय रिटर्निंग ऑफिसर डॉ. के. लक्ष्मण ने राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव का यह नोटिफिकेशन जारी किया है।
इसमें लिखा गया है कि, भारतीय जनता पार्टी, संगठन पर्व 2024 अपने गंतव्य की ओर अग्रसर है। इसी क्रम में आज मैं राष्ट्रीय अध्यक्ष के निर्वाचन प्रक्रिया की आधिकारिक घोषणा करता हूं। भारतीय जनता पार्टी राष्ट्रीय अध्यक्ष निर्वाचन कार्यक्रम निम्नलिखित समय सरणी अनुसार राष्ट्रीय कार्यालय में आहूत होना सुनिश्चित हुआ है। इस संदेश के साथ इस नोटिफिकेशन में चुनावों की समय सारणी भी शेयर की गई है। इसके अनुसार पार्टी अध्यक्ष के लिए नामांकन 19 जनवरी को दोपहर 2 बजे से 4 बजे के बीच भरे जाएंगे।
अगर कोई उम्मीदवार अपना नामांकन वापस लेना चाहता है तो वो उसी दिन 5 बजे से 6 बजे के बीच अपना नाम वापस ले सकता है। लक्ष्मण ने बताया कि 20 जनवरी को वोटों की गिनती होगी और उसी दिन नए अध्यक्ष के नाम की घोषणा होगी। यह पूरी चुनावी प्रक्रिया पार्टी मुख्यालय में की जाएगी। अगर पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष नबीन ही नए अध्यक्ष चुने जाते हैं तो वह अब तक के सबसे युवा बीजेपी अध्यक्ष होंगे। 45 वर्षीय नबीन बांकीपुर से पांच बार के विधायक हैं। साल 2006 में बांकीपुर के तत्कालीन विधायक व उनके पिता नबीन किशोर प्रसाद सिन्हा असामयिक निधन के बाद वह उपचुनाव में बीजेपी की टिकट पर चुनाव में खड़े हुए। उसके बाद से वह लगातार जीतते आ रहे हैं। उनके पिता भी 1995-2006 तक लगातार विधायक चुने गए।
सियासी जानकारों का कहना है कि नितिन नबीन के सामने सबसे बड़ी चुनौती पश्चिम बंगाल की है। पश्चिम बंगाल में बीजेपी हर हाल में सत्ता में आना चाहती है। ऐसे में युवा अध्यक्ष के कंधों पर पार्टी ने बड़ी जिम्मेदारी सौंप दी है। वहीं, इसी साल असम, केरल, तमिलनाडु और पुडुचेरी में भी विधानसभा चुनाव होना है।
नितिन नबीन के कार्यकारी अध्यक्ष के रूप में ताजपोशी के बाद पीएम मोदी ने कहा था, नितिन नबीन ने एक कर्मठ कार्यकर्ता के रूप में अपनी पहचान बनाई है। वे एक युवा और कर्मठ नेता हैं, जिन्हें संगठनात्मक अनुभव का भरपूर लाभ है और बिहार में विधायक और मंत्री के रूप में उनका कार्यकाल प्रभावशाली रहा है। उन्होंने जनता की आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए अथक परिश्रम किया है। वे अपने विनम्र स्वभाव और व्यावहारिक कार्यशैली के लिए जाने जाते हैं। मुझे विश्वास है कि उनकी ऊर्जा और समर्पण आने वाले समय में हमारी पार्टी को मजबूती प्रदान करेंगे।