Election Results:विधानसभा चुनाव के नतीजों पर भाजपा अध्यक्ष नितिन नबीन ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने इसे पीएम मोदी के नेतृत्व की ऐतिहासिक जीत बताते हुए दावा किया कि जल्द ही पूरे दक्षिण भारत में भाजपा का 'कमल' खिलेगा।
Historic Win: चार राज्यों और एक केंद्र शासित प्रदेश के विधानसभा चुनावों के नतीजों ने देश की राजनीति में एक नई ऊर्जा भर दी है। इन चुनावों में भारतीय जनता पार्टी के दमदार प्रदर्शन के बाद, पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने इसे एक 'ऐतिहासिक जनादेश' करार दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह शानदार जीत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मजबूत नेतृत्व पर देश की जनता के अटूट भरोसे का सीधा प्रमाण है। भारी जनसमर्थन से उत्साहित नबीन ने आने वाले समय के लिए एक बड़ी और साहसिक रणनीति का भी खुलासा किया है।
नितिन नबीन का सबसे बड़ा फोकस दक्षिण भारत पर रहा। पुडुचेरी में गठबंधन की शानदार जीत और केरल में पार्टी के बढ़ते प्रभाव से गदगद होकर उन्होंने बड़ी भविष्यवाणी की। उन्होंने कहा कि वो दिन दूर नहीं जब दक्षिण भारत के हर कोने में 'कमल' खिलेगा। नबीन ने कहा, "आने वाले समय में, दक्षिण भारत भी भाजपा के कमल से खिल उठेगा।" दक्षिण में पार्टी के विस्तार को लेकर उनका यह बयान इस बात का संकेत है कि भाजपा अब उन क्षेत्रों में अपनी जड़ें मजबूत करने जा रही है, जहां पारंपरिक रूप से उसे कड़ी चुनौतियों का सामना करना पड़ता था।
पश्चिम बंगाल, असम और पुडुचेरी के रुझानों का जिक्र करते हुए नितिन नबीन ने कहा कि ये नतीजे बताते हैं कि जनता का विश्वास राष्ट्रीय स्तर पर तेजी से भाजपा की ओर बढ़ रहा है। उन्होंने विशेष रूप से पश्चिम बंगाल के पार्टी कार्यकर्ताओं के लंबे और कठिन संघर्ष को याद किया। नबीन ने आरोप लगाया कि बंगाल में तृणमूल कांग्रेस (TMC) और वामपंथी दलों की सरकारों ने दशकों तक एक 'हिंसक माहौल' बनाए रखा। ऐसे कठिन हालातों में भी अडिग रहने वाले कार्यकर्ताओं की मेहनत और उनके बलिदान को उन्होंने खुले दिल से सलाम किया।
भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के कुशल नेतृत्व में देश की जनता अब खौफ के साये से बाहर निकल चुकी है। उन्होंने जोर देकर कहा, "मुझे लगता है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में लोग भय के उस माहौल से निकलकर भरोसे के माहौल में आ गए हैं।" उन्होंने इस बड़ी जीत का पूरा श्रेय उन जमीनी कार्यकर्ताओं को दिया जिन्होंने तमाम राजनीतिक मुश्किलों के बावजूद अथक परिश्रम किया।
फिलहाल पूरे देश की निगाहें असम, पश्चिम बंगाल, केरल, तमिलनाडु और पुडुचेरी के अंतिम और आधिकारिक नतीजों पर टिकी हैं। असम में भाजपा अपनी मजबूत पकड़ बनाए रखने में कामयाब दिख रही है, तो वहीं पुडुचेरी में भी उसने बड़ी बढ़त हासिल की है। इन नतीजों ने भाजपा को एक नया लॉन्चपैड दे दिया है, जिसके जरिए वह अब पूरे देश में अपने विजय रथ को आगे बढ़ाने की तैयारी में जुट गई है।
नितिन नबीन के इस बयान के बाद दक्षिण भारतीय क्षेत्रीय दलों और विपक्षी खेमे में हलचल तेज हो गई है। टीएमसी और वामपंथी नेताओं ने उनके 'हिंसक माहौल' वाले बयान को निराधार बताते हुए कड़ी आलोचना की है। वहीं, सोशल मीडिया पर भाजपा समर्थकों और कार्यकर्ताओं में भारी उत्साह देखने को मिल रहा है।
अब राजनीतिक विश्लेषकों की नजरें इस बात पर टिकी हुई हैं कि चुनाव आयोग द्वारा अंतिम नतीजे घोषित होने के बाद भाजपा दक्षिण भारत, खासकर केरल और तमिलनाडु में, अपने संगठन को और अधिक मजबूत करने के लिए कौन सी नई रणनीतियां जमीन पर उतारती है। माना जा रहा है कि जल्द ही पार्टी आलाकमान की एक अहम समीक्षा बैठक हो सकती है।
बहरहाल,नितिन नबीन का यह बयान महज चुनावी जीत का जश्न नहीं है, बल्कि यह भाजपा की 'लुक साउथ' रणनीति का बहुत ही स्पष्ट संकेत है। उत्तर और पश्चिम भारत के हिंदी भाषी राज्यों में अपनी मजबूत पैठ बनाने के बाद, पार्टी अब भविष्य के आम चुनावों के मद्देनजर दक्षिण के उन राज्यों में अपनी जड़ें जमाना चाहती है, जहां अब तक क्षेत्रीय दलों का ही एकछत्र राज रहा है। (इनपुट: ANI)