
Manjeet Kaur:चंडीगढ़ की 28 वर्षीय सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर मनजीत कौर जिंदगी की जंग हार गई। 3 जुलाई की रात संदिग्ध परिस्थितियों में अगवा करने के बाद उन पर जानलेवा हमला किया गया था। आरोपियों ने उसे मोरिंडा के पास एक शहतूत के पेड़ से बांधा और आग लगा दी। करीब 53 दिनों तक चंडीगढ़ के पोस्टग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल एजुकेशन एंड रिसर्च (PGIMER) में इलाज चलने के बाद उसकी मौत हो गई।
पीड़िता की मां कांता देवी द्वारा पुलिस में दर्ज कराई गई रिपोर्ट के अनुसार, 3 जुलाई की देर रात मनजीत को उसके दो परिचितो शुभी और पिंडा ने चंडीगढ़ के सेक्टर 34 स्थित एक शराब की दुकान के पास मिलने के लिए बुलाया था। मनजीत जैसे ही वहां पहुंची, दोनों आरोपियों ने उसे जबरन कार में खींच लिया और मोरिंडा की तरफ ले गए। मोरिंडा पहुंचने पर आरोपियों ने पहले मनजीत के साथ जमकर मारपीट की। इसके बाद बर्बरता की सारी हदें पार करते हुए उसे शहतूत के पेड़ से बांध दिया और फिर आग लगा दी।
घटना के वक्त वहां से गुजर रहे एक परिचित ने मनजीत को आग की लपटों में घिरा देखा। उसने बिना देर किए कंबल की मदद से आग बुझाी और उसे तुरंत पास के अस्पताल ले गया। प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर हालत को देखते हुए उसे मोहाली और फिर 9 जुलाई को चंडीगढ़ के PGIMER में भर्ती कराया गया।
अस्पताल में कई हफ्तों तक मनजीत जिंदगी के लिए संघर्ष करती रही और बेहोश रही। 5 अगस्त को जब उसे थोड़ा होश आया, तब उसने अपने साथ हुई इस दरिंदगी का खुलासा परिवार के सामने किया। डॉक्टरों की तमाम कोशिशों के बावजूद शरीर काफी ज्यादा झुलस जाने के कारण 26 अगस्त को उसकी मौत हो गई।
पुलिस जांच में सामने आया है कि मनजीत तलाकशुदा थी और उसका 7 साल का एक बेटा है। सूत्रों के मुताबिक, वह नामजद आरोपियों में से एक के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में भी रह चुकी थी। मनजीत की मौत के बाद सेक्टर 34 थाना पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 140(1), 103(1) और 3(5) के तहत मामला दर्ज कर लिया है। थाना प्रभारी इंस्पेक्टर शादीलाल ने बताया कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं। चंडीगढ़ के सेक्टर 34 से लेकर मोरिंडा तक के रास्ते पर लगे CCTV फुटेज चेक की जा रही है।