देश-दुनिया में जारी ऊर्जा संकट के बीच भारत सरकार ने देश के लोगों को राहत की खबर दी है। सरकार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करके कहा कि LPG के लिए घबराने की जरूरत नहीं है।
LPG Crisis: US-इजरायल और ईरान के बीच जारी संघर्ष की वजह से वैश्विक स्तर पर ऊर्जा संकट के हालात बन गए हैं। भारत में भी तेल-गैस की आपूर्ति बाधित हुई है। इस संकट काल के बीच भारत सरकार ने देश के लोगों का राहत की खबर दी है। सरकार ने कहा है कि LPG की आपूर्ती के लिए घबराने की जरूरत नहीं है, स्थित नियंत्रण में है।
LPG की आपूर्ति और बढ़े हुए दाम को लेकर सरकार ने बड़ा अपडेट दिया है। पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करके कहा कि भारत में LPG के आयात का 90% हिस्सा होर्मुज स्ट्रेट से होकर गुजरता है, लेकिन स्थिति नियंत्रण में है। लोगों को तेल-गैस की आपूर्ति को लेकर घबराने की जरूरत नहीं है।
सुजाता शर्मा ने कहा कि उपभोक्ताओं की सुरक्षा के लिए सरकार ने गैस की लागत में हुई वृद्धि का एक बड़ा हिस्सा स्वयं वहन किया है। मांग प्रबंधन के अस्थायी उपाय के रूप में LPG बुकिंग के बीच न्यूनतम अंतराल 21 दिन से बढ़ाकर 25 दिन कर दिया गया है।
पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने कहा कि भारत LPG की लगभग 60 प्रतिशत आवश्यकता का आयात करता है, जिसमें से 90 प्रतिशत आयात होर्मुज स्ट्रेट से होता है। सरकार ने पश्चिम एशिया संघर्ष के बीच आपूर्ति में व्यवधान से निपटने के लिए आवश्यक कदम उठाए हैं। उन्होंने कहा कि मौजूदा स्थिति को देखते हुए रिफाइनरियों को LPG उत्पादन को अधिकतम करने का आदेश 8 मार्च को जारी किया गया था। सुजाता शर्मा ने लोगों से अपील की है कि घबराहट में LPG की बुकिंग न करें। यह एक चुनौतीपूर्ण स्थिति है। इस चुनौतीपूर्ण समय में घबराएं नहीं, बल्कि ऊर्जा बचाने पर ध्यान दें।
गैर-घरेलू LPG के लिए अस्पतालों, शैक्षणिक संस्थानों जैसे आवश्यक क्षेत्रों को प्राथमिकता दी जा रही है। LPG की कीमतों के मामले में सरकार ने लागत का एक महत्वपूर्ण हिस्सा वहन किया है। संयुक्त सचिव ने बताया कि दिल्ली में LPG सिलेंडर की मौजूदा कीमत 913 रुपए है, जो 60 रुपए की बढ़ोतरी के बाद की कीमत है। सरकारी हस्तक्षेप के बिना LPG के दाम अधिक होते। सरकार ने IOC, HPCL और BPCL के कार्यकारी निदेशकों सहित 3 सदस्यीय समिति का गठन किया है, ताकि उनकी शिकायतों को सुना जा सके। वाणिज्यिक LPG की उनकी वास्तविक आवश्यकता पूरी की जाएगी। यह समिति आवश्यकताओं के अनुसार आपूर्ति को प्राथमिकता भी देगी।
LPG आपूर्ति बाधित होने की खबरों के बीच पूरे देश में मची अफरा-तफरी पर पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने धैर्य रखने की अपील की है। मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने कहा कि घरेलू LPG की सामान्य डिलीवरी प्रक्रिया 2.5 दिन की रहती है। ग्राहकों को सिलेंडर बुक करने के लिए जल्दबाजी करने की कोई जरूरत नहीं है। सरकार ऊर्जा आपूर्ति की लगातार निगरानी कर रही है और विश्व संकट के बीच खास उपाय कर रही है।