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CID का DSP बनकर लोगों को नौकरी दिलाने का दिया झांसा, जानें अब ढोल बजाते हुए घर क्यों पहुंची पुलिस?

Job Fraud Case: भागलपुर में नौकरी दिलाने के नाम पर लोगों से पैसे लेने के आरोपी मनोज कुमार वर्मा के घर पुलिस ने इश्तेहार चिपकाया है। कोर्ट में पेश नहीं होने पर कुर्की-जब्ती की कार्रवाई हो सकती है।
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Updated: 23 Oct 2026, 8:01 PM IST
Fake DSP In Bihar job Scam
आरोपी के घऱ के बाहर इश्तेहार चिपकाती पुलिस। / प्रतिकात्मक तस्वीर (Photo-AI)

Govt Job Scam: खुद को डीएसपी बताकर नौकरी दिलाने के नाम पर लोगों से लाखों रुपये की ठगी करने वाले आरोपी के घर पर पुलिस बैंड बाजा लेकर पहुंची। भागलपुर में लोगों को सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पैसे लेने के आरोपी मनोज कुमार वर्मा के घर पुलिस ने इश्तेहार चिपकाया है। शुक्रवार को इसाकचक थाना पुलिस ढोल बजाते हुए उसके घर पहुंची और उसे कोर्ट में पेश होने की चेतावनी दी। पुलिस ने कहा है कि अगर आरोपी तय समय पर कोर्ट में पेश नहीं होता है, तो उसके घर की कुर्की-जब्ती की कार्रवाई की जाएगी।

खुद को CID का DSP बताकर लोगों को ठगा

पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार मनोज कुमार वर्मा पर खुद को सीआईडी का डीएसपी बताकर दर्जनभर से अधिक महिलाओं और पुरुषों से लाखों रुपये लिए। हालांकि, पुलिस जांच में पता चला है कि वह कोई डीएसपी नहीं, बल्कि बिहार पुलिस के एक कार्यालय में डाक पहुंचाने का काम करता है। उसने लोगो को सरकारी नौकरी दिलाने और विभागों में पैरवी कराने का भरोसा दिलाया था।

वह भागलपुर के कृषि कॉलेज, एनटीपीसी और पुलिस विभाग में नौकरी या पैरवी कराने की बात कहकर लोगों को अपने जाल में फंसाता था। ठगी का अहसास होने पर एक कैंसर पीड़ित महिला और दो अन्य महिलाओं ने इशाकचक और बाईपास थाने में केस दर्ज कराया था।

तीन जगह दर्ज हुआ मामला

मनोज के खिलाफ भागलपुर के बाईपास और इसाकचक थानों में मामले दर्ज हैं। इसके अलावा बांका में भी इस मामले को लेकर जीरो एफआईआर दर्ज करवाई गई थी। इस मामले में बांका कोर्ट ने उसके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया। वारंट जारी होने के बाद से ही मनोज फरार चल रहा है और पुलिस आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर पा रही है।

कोर्ट में पेश नहीं हुआ तो घर का सामान होगा जब्त

आरोपी की गिरफ्तारी नहीं होने पर अब इसाकचक थाना पुलिस ने उसके घर पर इश्तेहार चिपकाया है। पुलिस ने इसके जरिए उसे कोर्ट में पेश होने की चेतावनी दी है। इश्तेहार में स्पष्ट लिखा गया है कि अगर वह तय समय में कोर्ट में हाजिर नहीं होता है, तो पुलिस उसके घर की कुर्की-जब्ती कर सकती है। इसका मतलब है कि कानूनी प्रक्रिया के तहत उसके घर का सामान जब्त किया जा सकता है।

Updated on:
23 Oct 2026, 8:01 PM IST
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