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हरदीप सिंह पुरी को बीजेपी ने नहीं बनाया राज्य सभा प्रत्याशी, क्या पंजाब चुनाव में बीजेपी को लगेगा झटका?

Rajya Sabha Elections: हरदीप सिंह पुरी को बीजेपी ने यूपी से राज्यसभा का टिकट नहीं दिया। पुरी का नाम चुनाव से पहले बीजेपी की संभावित सूची में प्रमुखता से चल रहा था।
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Oct 05, 2026
Hardeep Singh Puri News
केंद्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी (फोटो-ANI)

Rajya Sabha Elections 2026: बीजेपी ने सोमवार को उत्तर प्रदेश की 10 राज्य सभा सीटों के लिए अपने 8 उम्मीदवारों के नामों का ऐलान कर दिया है। चौंकाने वाली बात यह रही कि संभावित दावेदारों में लगातार चर्चा में रहे केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी को पार्टी ने दोबारा राज्य सभा भेजने का फैसला नहीं किया। हरदीप सिंह पुरी को दोबारा राज्य सभा नहीं भेजे जाने को पंजाब चुनाव से जोड़कर भी देखा जा रहा है, क्योंकि प्रदेश में अगले साल विधानसभा चुनाव होने हैं।

बीजेपी की सूची में धर्मपाल सिंह, राधाकांत ओझा, प्रकाश पाल, विद्यासागर सोनकर, गोपी कृष्ण पांडेय, प्रियंका सिंह रावत, राम प्रताप सिंह चौहान और श्रुति गंगवार के नाम हैं।

पुरी का नाम चुनाव से पहले बीजेपी की संभावित सूची में प्रमुखता से चल रहा था। सितंबर के अंत में सामने आई रिपोर्टों में उन्हें पार्टी के 25 नामों वाले पैनल में भी शामिल बताया गया था। ऐसे में अंतिम सूची से उनका बाहर होना राजनीतिक रूप से अहम माना जा रहा है।

Punjab Election 2027 से क्यों जुड़ा है BJP का यह फैसला

बता दें कि पंजाब में अगले साल विधानसभा चुनाव होने हैं। रवनीत सिंह बिट्टू के इस्तीफा देने के बाद हरदीप सिंह पुरी मोदी सरकार में एक मात्र सिख नेता थे। पंजाब में सिख आबादी काफी है। बीजेपी ने पंजाब में अपने संगठन को मजबूत करने और राज्य की सभी 117 विधानसभा सीटों पर चुनावी तैयारी की दिशा में संकेत दिए हैं।

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वहीं यदि उत्तर प्रदेश की राज्य सभा सीटों के लिए जारी 8 प्रत्याशियों की लिस्ट को देखें तो पार्टी ने सामाजिक और चुनावी समीकरणों को काफी महत्व दिया है। दरअसल, यूपी में अगले साल विधानसभा चुनाव होने हैं। ऐसे में पार्टी ने क्षेत्रीय और जातीय समीकरणों की साधने की पूरी कोशिश की है। 

आठ उम्मीदवारों में OBC, SC, ब्राह्मण और ठाकुर समुदायों का प्रतिनिधित्व है और दो महिला उम्मीदवारों को भी जगह दी गई है। इसका सीधा राजनीतिक संदेश 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से जोड़कर देखा जा रहा है। पार्टी ने इस बार पुराने चेहरों की जगह संगठन, जातीय संतुलन, क्षेत्रीय प्रतिनिधित्व और चुनावी उपयोगिता को प्राथमिकता दी है।

Updated on:
05 Oct 2026 04:31 pm
Published on:
05 Oct 2026 03:40 pm