
Kolkata Taratala Accident: कोलकाता के तारातला इलाके में बुधवार को हुए दर्दनाक हादसे के बाद पश्चिम बंगाल सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। निर्माणाधीन गोदाम का शेड गिरने से अब तक पांच लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि मलबे में दबे 21 लोगों को बाहर निकाला गया है। इस मामले में 3 लोगों की गिरफ्तार किया जा चुका है। इनमें दो लोगों की हालत गंभीर बताई जा रही है। घटना के बाद सरकार ने कोलकाता नगर निगम (केएमसी) क्षेत्र में चल रहे सभी निर्माणाधीन भवनों के काम पर तत्काल रोक लगाने का आदेश दिया है।
इस हादसे को लेकर पुलिस ने लापरवाही के आरोप में तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। शुरुआती जांच में निर्माण से जुड़े गंभीर सवाल उठे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि शुरुआती जानकारी के मुताबिक भवन के नक्शे यानी प्लान में कुछ खामियां सामने आई हैं। उन्होंने कहा कि इस मामले में आगे क्या कार्रवाई होगी, इसकी जानकारी वह गुरुवार को विधानसभा में देंगे।
हादसे के बाद राहत और बचाव कार्य तेजी से चलाया गया। अब तक कई लोगों को मलबे से निकाला जा चुका है। इनमें दो गंभीर रूप से घायल हैं, जबकि बाकी लोगों की हालत खतरे से बाहर बताई गई है। हालांकि हादसे के समय गोदाम में कुल कितने लोग मौजूद थे, इसकी स्पष्ट जानकारी अब तक सामने नहीं आई है।
मुख्यमंत्री शुभेन्दु अधिकारी ने शाम को घटनास्थल का दौरा किया था। उन्होंने बताया कि शुरुआती आशंका 15 लोगों के मलबे में दबे होने की थी। बाद में भारतीय सेना और एनडीआरएफ की ओर से यह जानकारी दी गई कि मलबे के भीतर अभी भी कुछ लोग जीवित हो सकते हैं। बचाव दल विशेष चैनल के जरिए अंदर फंसे लोगों तक भोजन और पानी पहुंचा रहा है और उन्हें सुरक्षित बाहर निकालने की कोशिश जारी है।
तारातला हादसे के बाद राज्य सरकार ने एहतियातन बड़ा प्रशासनिक कदम उठाया है। मुख्यमंत्री ने केएमसी के अधिकार क्षेत्र में चल रहे सभी निर्माणाधीन भवनों के काम पर तत्काल रोक लगाने का आदेश दिया है। यह रोक फिलहाल 1 अगस्त तक लागू रहेगी।