
MSRTC: महाराष्ट्र में राज्य परिवहन निगम (MSRTC) की बसों से सफर करने वाले यात्रियों को अब अधिक किराया चुकाना होगा। महाराष्ट्र सरकार ने महाराष्ट्र राज्य सड़क परिवहन निगम (MSRTC) की बसों के किराए में 13.56 प्रतिशत की बढ़ोतरी को मंजूरी दे दी है। नया किराया 17 जुलाई की आधी रात से लागू हो गया है। सरकार का कहना है कि डीजल की बढ़ती कीमतों, कर्मचारियों के भत्तों में वृद्धि और बसों के रखरखाव की बढ़ी लागत को देखते हुए किराया बढ़ाना जरूरी हो गया था। हालांकि, नए संशोधित किराए के लागू होने के साथ ही साधारण बसों पर पहले से लागू 10 प्रतिशत मौसमी किराया वृद्धि वापस ले ली जाएगी।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार महाराष्ट्र के परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक ने बताया कि राज्य परिवहन प्राधिकरण ने MSRTC के किराया बढ़ाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। उन्होंने कहा कि पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के कारण डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी हुई है। इसके अलावा, MSRTC कर्मचारियों के विभिन्न भत्तों में वृद्धि, वाहन के स्पेयर पार्ट्स और टायरों की बढ़ी कीमतों ने निगम के परिचालन खर्च को काफी बढ़ा दिया है। ऐसे में किराया संशोधन जरुरी हो गया था। मंत्री ने यह भी कहा कि किराया वृद्धि इस तरह लागू की गई है ताकि यात्रियों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ कम से कम पड़े।
प्रताप सरनाईक के अनुसार, यह फैसला केवल किराया बढ़ाने के लिए नहीं, बल्कि MSRTC को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने और राज्यभर में सुरक्षित, गुणवत्तापूर्ण तथा निर्बाध बस सेवा जारी रखने के उद्देश्य से लिया गया है। MSRTC ने भी कहा कि लगातार बढ़ती परिचालन लागत के कारण निगम पर वित्तीय दबाव बढ़ रहा था। ऐसे में करोड़ों यात्रियों को नियमित और भरोसेमंद बस सेवा उपलब्ध कराने के लिए किराया बढ़ाना आवश्यक हो गया।
निगम का कहना है कि संशोधित किराया लागू होने से बस सेवाओं को बनाए रखने, यात्रियों की सुविधाओं, सुरक्षा मानकों और सेवा की गुणवत्ता को बरकरार रखने में मदद मिलेगी।
पश्चिम एशिया में जारी तनाव का असर वैश्विक कच्चे तेल के बाजार पर भी देखने को मिला है। अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर संयुक्त हवाई हमले के बाद अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड की कीमतें पिछले दो महीनों के दौरान कई बार 120 डॉलर प्रति बैरल के स्तर को पार कर चुकी हैं।