प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को राष्ट्र के नाम संबोधन किया। PM मोदी के संबोधन पर कांग्रेस ने सवाल उठाया है। इसके साथ ही कांग्रेस ने PM मोदी पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं।
संसद में महिला आरक्षण बिल पास (Women Reservation Bill) नहीं होने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश (PM Modi Address the Nation) को संबोधित किया। PM मोदी के संबोधन पर कांग्रेस ने सवाल उठाए हैं। इसके साथ कांग्रेस ने पीएम मोदी पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। बता दें कि महिला आरक्षण बिल पास नहीं होने पर PM ने अपने संबोधन में माफी मांगी है। इसके साथ ही उन्होंने विपक्ष पर भारत की नारी शक्ति की उड़ान को रोकने का आरोप लगाया है।
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे (Congress President Mallikarjun Kharge) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) के राष्ट्र के नाम संबोधन को राजनीतिक भाषण बताया है। मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि PM ने अपने आधिकारिक संबोधन को राजनीतिक भाषण में बदल दिया, जो कीचड़ उछालना और सरासर झूठ से भरा था। खड़गे ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए लिखा- एक हताश और निराश PM मोदी, जिनके पास पिछले 12 सालों में दिखाने के लिए कुछ भी ठोस नहीं है। उन्होंने राष्ट्र के नाम अपने संबोधन को राजनीतिक भाषण में बदल दिया।
खड़गे ने आगे लिखा कि आचार संहिता पहले से लागू है, फिर भी पीएम मोदी ने सरकारी मशीनरी का दुरुपयोग करके अपने विरोधियों पर हमला किया। यह लोकतंत्र और भारत के संविधान का घोर अपमान है। पीएम मोदी ने अपने संबोधन में कांग्रेस का जिक्र 59 बार किया, जबकि महिलाओं का जिक्र बमुश्किल कुछ ही बार किया। इससे उनकी प्राथमिकताएं साफ हो जाती हैं। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने दावा किया कि महिलाएं भाजपा की प्राथमिकता नहीं हैं, कांग्रेस ही महिलाओं के साथ खड़ी है।
मल्लिकार्जुन खड़गे ने याद दिलाया कि कांग्रेस ने हमेशा महिला आरक्षण का समर्थन किया है। उन्होंने कहा कि 2010 में राज्यसभा में महिला आरक्षण बिल पास करवाया था, ताकि वह लैप्स न हो जाए। भाजपा उस बिल को लोकसभा में पास नहीं करवा पाई, 2023 में लाए गए बिल का भी कांग्रेस ने समर्थन किया। खड़गे ने कहा कि असल बिल, अभी भी मौजूद है और 16 अप्रैल को नोटिफाई किया गया था।
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने सरकार से मांग की कि 2023 के कानून के तहत मौजूदा 543 लोकसभा सीटों में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण तुरंत लागू करें। परिसीमन बिलों को महिला आरक्षण बिल के साथ जोड़ना बंद करें। यह परिसीमन बिल था, महिला आरक्षण का संशोधन नहीं है।
खड़गे ने कांग्रेस की उपलब्धियों का जिक्र करते हुए कहा कि कांग्रेस ने हरित क्रांति, श्वेत क्रांति, अंतरिक्ष कार्यक्रम, परमाणु शक्ति, 1991 की आर्थिक उदारीकरण, ITI, RTE, मनरेगा और खाद्य सुरक्षा अधिनियम जैसे कई ऐतिहासिक कानून पास किए।
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि भाजपा अपने कामों और रवैये दोनों में महिला-विरोधी रही है। उन्होंने हाथरस, उन्नाव, हरियाणा की महिला पहलवानों, बिलकिस बानो और अपनी पार्टी के बलात्कारियों को बचाने के मामलों का जिक्र किया। NCRB आंकड़ों का हवाला देते हुए खड़गे ने कहा कि भाजपा शासित राज्यों में महिलाओं के खिलाफ अपराध सबसे ज्यादा होते हैं।