राष्ट्रीय

‘युवाओं के साथ जंतर-मंतर पर उमर अब्दुल्ला खड़े हो जाते तो क्या बिगड़ जाता?’ महबूबा मुफ्ती का बड़ा बयान

मेहबूबा मुफ्ती ने 'मिलिटेंसी' और 'बहाना' वाले बयान पर माफी मांगी। उमर अब्दुल्ला पर तंज कसते हुए बोलीं- युवाओं के लिए दो मिनट भी नहीं खड़े हो सके?
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Jul 28, 2026
Mehbooba Mufti Jantar Mantar controversy
पूर्व सीएम महबूबा मुफ्ती। (फोटो-IANS)

पीडीपी चीफ मेहबूबा मुफ्ती ने एक बार फिर विवादों में घिरे अपने बयान पर सफाई दी है। उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर सीएम उमर अब्दुल्ला जंतर मंतर पर पहुंचे और स्टेटहूड की मांग को लेकर जो हंगामा मचा, उसमें अगर वो दो मिनट भी युवाओं के लिए खड़े हो जाते तो क्या फर्क पड़ जाता?

वहीं, मेहबूबा ने साफ कहा कि एक क्लिप में उन्होंने 'मिलिटेंसी' और 'बहाना' शब्द इस्तेमाल किया था, जो पूरी तरह से हड़बड़ी में निकल गया। ये कोई सोचा-समझा बयान नहीं था। लेकिन कुछ लोग इसे बड़ा बना रहे हैं।

'बयान तोड़-मरोड़कर पेश किया गया'

मेहबूबा ने माना कि वीडियो असली है, लेकिन उसका मतलब तोड़-मरोड़कर पेश किया गया। उन्होंने आगे कहा- अगर मेरी बात से मेरे अपने लोग दुखी हुए हैं तो मैं उनसे माफी मांगती हूं।

इस दौरान, मेहबूबा ने उमर अब्दुल्ला पर भी निशाना साधा। उन्होंने पूछा कि स्टेटहूड की मांग को लेकर जंतर मंतर पहुंचने वाले उमर अगर युवाओं के मुद्दे पर दो मिनट भी खड़े हो जाते तो क्या बिगड़ जाता? उन्होंने कहा- युवा आज नौकरी और भविष्य को लेकर परेशान हैं। नेता अगर उनके लिए एकजुट नहीं होंगे तो फिर किसके लिए लड़ रहे हैं?

दूसरे दलों पर भी तीखा हमला

पीडीपी प्रमुख ने दूसरे दलों को भी घेरा। उन्होंने कहा कि कुछ पार्टियां खुद को 'बी-टीम' और 'सी-टीम' कहलाने से बच नहीं पा रही हैं। ये दल नॉर्मलसी की बात करते हैं लेकिन मेरी पार्टी और मेरे बयानों की वजह से मजबूरन बयानबाजी करनी पड़ती है।

विवाद क्यों बढ़ा?

दरअसल, मेहबूबा के हालिया बयान में इस्तेमाल कुछ शब्दों को लेकर सोशल मीडिया पर भारी आलोचना हुई थी। विपक्षी दलों ने इसे कश्मीर की स्थिति को लेकर गलत संदेश देने वाला बताया। लेकिन मेहबूबा अब कह रही हैं कि पूरा मामला संवेदनशीलता से समझा जाना चाहिए।

उन्होंने जोर दिया कि उनकी पार्टी हमेशा युवाओं और आम लोगों के हक की लड़ाई लड़ती आई है। कश्मीर में इस वक्त स्टेटहूड बहाल करने की मांग जोरों पर है। उमर अब्दुल्ला का जंतर मंतर पहुंचना भी इसी सिलसिले का हिस्सा था। बता दें कि जंतर-मंतर पर छात्रों के प्रदर्शन का सभा विपक्षी पार्टियों ने समर्थन किया था।

Updated on:
28 Jul 2026 08:01 pm
Published on:
28 Jul 2026 08:01 pm