
Iran US Tensions: पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच, ईरान के सर्वोच्च नेता आयतल्लाह मोजतबा खामेनेई ने 'सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल' (SNSC) के सचिव मेजर जनरल मोहसेन रेजाई के साथ बैठक की। इस दौरान उन्होंने राष्ट्रीय और क्षेत्रीय सुरक्षा की रक्षा के लिए 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' (होर्मुज जलडमरूमध्य) पर नियंत्रण बनाए रखने के महत्व पर जोर दिया।
बताया गया है कि बैठक के दौरान खामेनेई ने दुश्मन की हताशा को ईरान के 'राष्ट्रीय प्रतिरोध' (नेशनल रेजिस्टेंस) का एक परिणाम बताया। 'X' (पूर्व ट्विटर) पर की गई पोस्ट की एक श्रृंखला में, खामेनेई के हवाले से राष्ट्रीय सुरक्षा, क्षेत्रीय सहयोग और ईरान के रणनीतिक हितों पर हुई चर्चाओं का जिक्र किया गया।
उन्होंने ईरानी लोगों और 'रेजिस्टेंस फ्रंट' (प्रतिरोध मोर्चा) के अधिकारों और हितों की रक्षा करने की आवश्यकता पर जोर दिया। साथ ही, उन्होंने यह सुनिश्चित करने को कहा कि युद्ध समाप्त करने के लिए तेहरान की शर्तें पूरी की जाएं।
खमेनेई ने "न युद्ध, न शांति" वाली मौजूदा स्थिति को खत्म करने का आह्वान किया। उन्होंने देश की रक्षा में जनता की भागीदारी बनाए रखने के लिए सक्रिय संवाद (प्रोएक्टिव कम्युनिकेशन) पर भी जोर दिया।
ये टिप्पणियां रेजाई की उस चेतावनी के कुछ दिनों बाद आई हैं, जिसमें उन्होंने कहा था कि ईरान के खिलाफ किसी भी सैन्य कार्रवाई के गंभीर परिणाम होंगे। साथ ही, उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अगर कूटनीति के जरिए और अधिक टकराव को रोका जा सकता है, तो तेहरान उसे ही प्राथमिकता देगा।
ईरानी सरकारी प्रसारक IRIB के अनुसार, 22 अक्टूबर को रेजाई ने कहा, "सभी को पता होना चाहिए कि ईरान के खिलाफ कार्रवाई की एक कीमत चुकानी पड़ती है। अगर कूटनीति के जरिए यह बात समझाई जा सकती है, तो हम कूटनीति को ही प्राथमिकता देंगे; लेकिन अगर युद्ध जारी रहता है, तो ईरान के पास जवाब देने के लिए जरूरी साधन मौजूद हैं।"
इस बीच, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने हाल ही में कहा कि वाशिंगटन, तेहरान के साथ कोई बातचीत नहीं कर रहा है। हालांकि, उन्होंने यह संकेत ज़रूर दिया कि "बहुत जल्द" कुछ घटनाक्रम देखने को मिल सकते हैं, लेकिन उन्होंने यह नहीं बताया कि संभावित कार्रवाई किस तरह की होगी।